फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

‘पुलिस आजम की भैंसें बरामद कर सकती है हमारी बेटी नहीं’

विज्ञापन
विज्ञापन
सीएम अखिलेश यादव के नेतृत्व वाली यूपी सरकार शुरूआत से ही लोगों के निशाने पर रही है। लचर कानून व्यवस्था के कारण सवालों में घिरी रहने वाली यूपी पुलिस ने भी इसे काफी बढ़ावा दिया है।
विज्ञापन


महिला अपराध का ग्राफ जिस तेजी के साथ ऊपर उठ रहा है उसके बावजूद पुलिस और अफसर हाथ पर हाथ धरे बैठे रहते हैं।

इसका नतीजा यह हुआ कि एक आम आदमी की बेटी के अगवा होने के तीन दिन बाद भी यूपी पुलिस उसे बरामद नहीं कर पाई है। बेटी के लिए परेशान परिजनों ने आखिरकार पुलिस-प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया।

24 घंटे का अल्टीमेटम नहीं तो...

गाजियाबाद में मसूरी के इकला गांव से तीन दिन पहले अगवा की गई नाबालिग छात्रा की बरामदगी न होने से नाराज लोगों का गुस्सा रविवार को फूट पड़ा। सुबह सवा 10 बजे एनएच-24 पर जेल चौकी के सामने लोगों ने जाम लगा दिया।

इससे दोनों तरफ कई किलोमीटर तक वाहनों की कतारें लग गईं। जाम में फंसे सैकड़ों लोग धूप और गर्मी से जूझते रहे। जाम लगाने वालों में महिलाएं भी थीं।

पुलिस ने लोगों को बताया कि दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। छात्रा को जल्द ही बरामद कर लिया जाएगा। लोगों ने पुलिस को 24 घंटे का अल्टीमेटम दिया कि अगर सोमवार दोपहर तक छात्रा बरामद नहीं हुई तो 27 गांवों की पंचायत कर आंदोलन किया जाएगा। इस दौरान लोगों ने यूपी के सरकार के मंत्री आजम खान को भी निशाने पर लिया।

फिर गरमाया आजम की भैंसों का मुद्दा

इकला गांव से 24 अप्रैल की रात 12वीं की एक छात्रा लापता हो गई थी। 25 अप्रैल को परिजनों ने अपहरण का आरोप लगाते हुए छह लोगों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इनमें बागपत का अमित और इकला के रहने वाले उसके रिश्तेदार आरोपी हैं।

इन पर घर से 40 तौले सोना और 1.10 लाख रुपये ले जाने का भी आरोप है। पुलिस छात्रा को बरामद नहीं कर सकी है।

बेटी का पता न चलने से नाराज परिजनों ने पुलिसवालों से कहा कि पुलिस सपा नेता आजम खां की भैंसें तो दो दिन में बरामद कर सकती है लेकिन उनकी बेटी को बरामद नहीं कर सकती।
विज्ञापन

आरोपियों की तलाश जारी

पुलिस ने बताया कि नामजद आरोपी सुभाष और सत्ते को गिरफ्तार कर लिया गया है, ये अमित के फूफा और चाचा हैं। बाकी की गिरफ्तारी और छात्रा की बरामदगी की कोशिश जारी है। इस पर लोग शांत हुए और अल्टीमेटम देते हुए जाम खोला।

जाम की वजह से सैकड़ों लोग घंटों फंसे रहे और लगभग 12 बजे के बाद ही पूरी तरह जाम से निजात मिली।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें