दिल्ली के मुडका में एक डीटीसी चालक की हुई हत्या के विरोध में सोमवार को हड़ताल के चलते यहां दिल्ली आने-जाने वाले यात्री काफी परेशान रहे। शहर में एक भी डीटीसी बस के दर्शन नहीं हुए। यात्रियों को अन्य साधनों का सहारा लेना पड़ा।
ज्ञात हो कि डीटीसी चालक की हत्या के विरोध में सोमवार को डीटीसी कर्मचारी हड़ताल पर चले गए थे। इसका औद्योगिक नगरी में भी व्यापक असर देखने को मिला। एनआईटी से सीधे दिल्ली जाने वाले यात्री दिनभर भटकते रहे।
एनआईटी बस अड्डा इंचार्ज तिलकराज शर्मा ने बताया कि आईएसबीटी से एनआईटी के लिए डीटीसी की 40 बसें आती-जाती हैं। सुबह 6:20 बजे से दोपहर 2:30 चलती हैं और दोपहर बाद 3:00 बजे से रात 10:30 बजे तक उक्त बसों का संचालन होता है।
ये बसें एनआईटी से हार्डवेयर चौक, बाटा मोड़, अजरौंदा चौक, ओल्ड होते हुए बदरपुर बॉर्डर, आश्रम, सरायकाले खां होते हुए कश्मीरीगेट आईएसबीटी तक जाती हैं। यहां से प्रतिदिन करीब पांच से सात हजार यात्री डीटीसी बसों से दिल्ली आते-जाते हैं।
सोमवार को हड़ताल होने के कारण हरियाणा रोडवेज की 10 अतिरिक्त बसों को चलाया गया था। लगभग सभी बसें सुबह के वक्त भरकर दिल्ली गई थीं। दिल्ली ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन के सहायक ट्रैफिक इंस्पेक्टर हरीश कुमार ने बताया कि हड़ताल का फरीदाबाद में भी व्यापक असर रहा है। यहां के दैनिक यात्रियों को दिल्ली जाने में असुविधा हुई।