यहां काम करने वाले मजदूरों ने बताया कि इलाके में थैले, टिफिन बैग, प्लास्टिक खिलौने और अन्य सामान बनाने की फैक्टरियां हैं। एक मजदूर मोनू ने बताया कि वह अपने रिश्तेदार की फैक्टरी में काम करता है।
इमारत मालिक ने एक कमरा 14 हजार रुपये किराए पर दे रखा है। उसने अपने परिजनों को साथ रखा हुआ है तो उसे मालिक ने ऊपर की मंजिल पर एक छोटा-सा कमरा पांच हजार रुपये किराए पर दे रखा है। इसमें वह अपने माता-पिता और तीन भाइयों के साथ रहता है। एक अन्य मजदूर मेहताब ने बताया कि उसका फैक्टरी मालिक मुजाहिद छोटे स्तर पर टोपी बनाने का काम करता है। उसके मुताबिक, फैक्टरी में पांच मजदूर हैं।