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गांधीगिरी से निगम अधिकारियों को किया शर्मसार

Wed, 06 Apr 2016 11:27 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, फरीदाबाद
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- फोटो : demo pic
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सरकारी दफ्तरों में काम के प्रति लापरवाही पर लोगों का गुस्सा फूटना आम बात है, लेकिन फरीदाबाद नगर निगम में अलग अंदाज में विरोध जताया गया। निगम के अधिकारियों को गुलदस्ता भेंटकर काम न करने पर टाउन नंबर एक के दुकानदारों ने निगमायुक्त का आभार जताया। निगमायुक्त ने गुलदस्ता तो नहीं लिया लेकिन अपने एक अधिकारी की लापरवाही के कारण उन्हें शर्मसार जरूर होना पड़ा।
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दुकानदार विपिन भाटिया, संदीप भाटिया, चमनलाल, कुंदनलाल, यशपाल, जितेंद्र कुमार आदि ने बताया कि  45 साल से उनकी टाउन नंबर एक स्थित पुरानी सब्जी मंडी में दुकान है। इन दुकानों पर कब्जे को लेकर एक केस हाईकोर्ट में गया था। 5 अप्रैल 2015 को इस केस का निर्णय उनके पक्ष में आया।

उन्होंने इस बारे में निगम अधिकारियों को बताया कि अब वे अपनी दुकानों पर पक्का कब्जा चाहते है। बावजूद एक साल से मामला लटका हुआ है। अभी तक दुकानदारों को निगम द्वारा कब्जा नहीं दिया गया है। बेरोजगारी के कारण दुकानदारों ने अपनी-अपनी जगह पर खोखे लगाने शुरू कर दिए।
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आरोप है कि निगम ने कुछ दिन पहले उन्हें तोड़ दिया और सामान जब्त कर लिया। अभी तक उनकी दुकानों के लिए मूलभूत सुविधाएं भी उपलब्ध नहीं कराई है। इसलिए वह काफी परेशान हैं। मंगलवार को दुकानदार नगर निगम अधिकारियों को शर्मशार करने पहुंचे।

दुकानदारों के मुताबिक उनकी एसटीपी सतीश पाराशर से खूब बहस हुई। इसके बाद वह निगमायुक्त के पास पहुंच गए। उन्होंने गुलदस्ता भेंट करना चाहा लेकिन निगमायुक्त ने उसे नहीं लिया। अपने अधिकारी की लापरवाही के चलते निगमायुक्त को शर्मशार होना पड़ा। बाद में निगमायुक्त ने सतीश पाराशर को बुलाया और 10 दिन में समस्या के समाधान के आदेश दिए।
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