यहां के मरीजों को प्राइवेट अस्पताल या फिर दिल्ली स्थित एम्स में जाने की जरूरत नहीं रहेगी। जीटी रोड स्थित सामान्य अस्पताल में मरीजों को एक साथ एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड, दवाई और बड़े ऑपरेशन की सुविधा मिलेगी। करीब 10 करोड़ रुपये की लागत से बन रही एम्स की नई बिल्डिंग अगले दो महीने में बनकर तैयार हो जाएगी।
अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान अनुसंधान (एम्स) की ग्रामीण व्यापक परियोजना के तहत सिविल अस्पताल परिसर में ओपीडी की सुविधा दी जाती है।
शाखा में 60 बेडों की सुविधा है। अस्पताल में सभी रोगों के विशेषज्ञ दिल्ली एम्स से आते हैं। इसके अलावा डिलीवरी व मरीजों को एम्स दिल्ली में दाखिल करने का काम भी इसी शाखा से किया जाता है।
जिले में एम्स की एकमात्र शाखा होने के कारण यहां मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। बल्लभगढ़ शहर और ग्रामीण क्षेत्र में करीब 50 कॉलोनियां विकसित हो चुकी हैं। इसके हिसाब से एम्स अब अपनी शाखा का विस्तार कर रहा है।
तत्कालीन विधायक शारदा राठौर के आग्रह पर जून, 2014 में तत्कालीन मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुडा ने यहां नई ओपीडी बिल्डिंग का शिलान्यास किया था। फिलहाल बिल्डिंग का करीब 70 फीसदी काम पूरा हो चुका है। सभी फ्लोर बन कर तैयार हो चुके हैं। उम्मीद जताई जा रही है कि नई ओपीडी की बिल्डिंग जुलाई-अगस्त तक बनकर तैयार हो जाएगी। इसके अलावा अन्य निर्माण कार्य भी तेजी से पूरा किया जा रहा है।