नूंह। इंडरी खंड के गांव गांगोली, दूबालू सहित अन्य कई गांवों में पलवल जिले के गांव मंडकोला सहित अन्य कई गांवों से वर्षों से बरसात का पानी आ रहा है। जिससे हर साल यहां के किसानों की सैकड़ों एकड़ फसल बर्बाद हो जाती है। हर बार किसानों की इस समस्या के समाधान कराने का प्रशासन द्वारा आश्वासन दिया जाता है लेकिन समाधान के नाम पर कुछ नहीं किया जाता है। अपनी इसी मांग को लेकर मंगलवार को गांगोली गांव के किसानों ने जिला सचिवालय पहुंचकर उपायुक्त शक्ति सिंह से गुहार लगाई।
इस मौके पर मुख्य रूप से ग्रामीण सरपंच महेंद्र सिंह, कृष्ण नंबरदार, रंगलाल, बुधराम, रतनसिंह, हीरालाल, राजेंद्र शर्मा, राजेश कुमार, पवन शर्मा, रामकिशोर, ज्योति, योगराज, विनोद, शिवदयाल, खेमचंद, सतपाल व श्यामसुंदर ने बताया कि हर साल की तरह की बार भी उनके गांवों के सैकड़ों एकड़ जमीन में खरीफ की कपास, ज्वार, धान व बाजरे की फसल पूरी तरह से नष्ट हो चुकी हैं जिसका मुख्य कारण पलवल जिले के गांवों से पानी आना है। सरकार व प्रशासन द्वारा हर बार इस पानी को रोकने के स्थाई प्रबंध की बात करता है लेकिन धरातल पर उनकी इस समस्या का कोई समाधान नहीं किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अगर इस समस्या का जल्द समाधान नहीं कराया जाता है तो वह रबी की फसल से भी वंचित रह जाएंगे। ऐसे में उन्होंने उपायुक्त से गुहार लगाई की जल्द पानी की निकासी का प्रबंध किया जाए। ग्रामीणों ने प्रशासन को चेतावनी दी कि अगर उनकी इस समस्या का समाधान नहीं कराया जाता है तो वह प्रशासन के खिलाफ अपना रोष प्रकट करेंगे। इस बारे में उपायुक्त शक्ति सिंह ने कहा कि ग्रामीणों की समस्या के बारे में जानकारी लेकर उचित कार्रवाई की जाएगी।