नूंह । नगीना खंड के गांव बलई के नाई मोहल्ले में पांच सौ से अधिक लोगों की आबादी चैंबर के पानी पर ही निर्भर है। वर्षों पूर्व गांव में पानी की पाइपलाइन डाली गई थी, लेकिन अब तक इस लाइन को चैंबर से नहीं जोड़ा गया है। इस कारण ग्रामीणों को पानी के संकट से जूझना पड़ रहा है। इससे ग्रामीणों में प्रशासन के प्रति रोष भी है।
जुनैद खान, आशु और नसीम आदि ग्रामीणों ने बताया कि गांव में पानी का स्तर बहुत नीचा है। यहां का पानी खारा भी है, जो पीने के योग्य नहीं है। इस पानी से खेतों की सिंचाई भी नहीं की जा सकती है। लोगों को अपनी प्यास बुझाने के लिए हर सप्ताह 1200 रुपये का टैंकर मंगवाना पड़ता है। आर्थिक रूप से मजबूत लोग पशुओं के लिए भी टैंकर मंगवा लेते हैं, लेकिन गरीब आदमी खारा पानी पीने को ही मजबूर है। ग्रामीणों ने बताया कि इस संबंध में पंचायत से प्रस्ताव पास करवाकर पब्लिक हेल्थ पुन्हाना ऑफिस में जुलाई माह में जमा करा दिया था, लेकिन अब तक किसी अधिकारी ने सुध नहीं ली। ग्रामीण का कहना है कि इस संबंध में दो बार मुख्यमंत्री को पत्र भी लिख चुके हैं। इसके बावजूद समस्या का समाधान नहीं हो रहा है। ग्रामीणों की मांग है कि अगर चैंबर से पाइप लाइन जोड़ दी जाए तो इस परेशानी से निजात मिल सकती है। वहीं, इस बारे में विभाग के एसडीओ अशोक कुमार का कहना है कि जल्द ही इस समस्या का समाधान करवाया जाएगा। चार साल से सूखे पड़े चैंबर में पाइपलाइन डालकर ग्रामीणों को पानी हर हाल में उपलब्ध कराया जाएगा।