अलीगढ़ रोड मंडी समिति में डीएपी खाद वितरण के दौरान सोमवार को महिला व पुरुष किसानों की भीड़ लगी रही। कई घंटे इंतजार करने के बाद कुछ किसानों को ही खाद मिली, जबकि ज्यादातर को खाद खत्म होने की बात कहकर वापस कर दिया गया। किसानों ने हंगामा भी किया। पुलिस ने पहुंचकर स्थिति संभाली।
मंडी समिति स्थित इफ्को के केंद्र पर एक ट्रक में डीएपी के 350 बोरे आए थे। यहां प्रत्येक किसान को खतौनी की नकल लेकर तीन बोरे खाद दी गई। जिन किसानों पर खतौनी की नकल व आधार कार्ड नहीं थे, उनको वापस कर दिया गया। खाद का वितरण तब तक किया गया, जब तक 350 बोरे खत्म नहीं हो गए।
इस दौरान वहां अव्यवस्था फैल गई। खाद नहीं मिलती देखकर किसानों ने शोर-शराबा शुरू कर दिया। केंद्र के कर्मचारियों ने इसकी सूचना पुलिस को दे दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर किसानों को शांत किया। इसके बाद पुलिस कर्मियों ने महिला व पुरुषों की अलग-अलग कतार लगवाकर खाद का वितरण शुरू कराया। सहायक निबंधक सहकारिता आरएस श्रीवास्तव ने बताया कि यहां 116 किसानों को 350 बोरे खाद बांटी गई। बाकी किसानों को नया आवंटन मिलते ही खाद का वितरण कराया जाएगा। उन्होंने किसानों से धैर्य बनाए रखने की अपील की है। बातचीत
मंडी में खाद वितरण की जब जानकारी हुई तो हम आकर कतार में लग गए, लेकिन जब हमारा नंबर आया, तब तक खाद खत्म हो चुकी थी, इसलिए तीन घंटे कतार में लगने के बाद वापस जाना पड़ रहा है।
-रामवीर सिंह, किसान निवासी नगला मनी।
मंडी में धान बेचने आने पर जब खाद के लिए कतार लगी देखी तो मैं भी डीएपी लेने के लिए कतार में लग गया, लेकिन दो घंटे कतार में लगने के बाद कह दिया गया कि खाद खत्म हो गई है।
-बनी सिंह, किसान निवासी नगला लक्षी।
कतार में एक घंटे लगने के बाद पता चला कि पहले खतौनी की नकल चाहिए, तब खाद मिलेगी। इसके बाद तहसील में कतार में लगकर खतौनी की नकल लेकर आया, तब तक पता चला कि खाद ही खत्म हो गई।
-मनोज कुमार, किसान निवासी भोजपुर।