केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉक्टर हर्षवर्धन ने आज दिल्ली के जीटीबी अस्पताल पहुंचकर कोरोना वैक्सीन के ड्राई रन की समीक्षा की। उन्होंने देखा कि वैक्सीन देने का जो ड्रिल आज चल रहा है वह ठीक है या नहीं। यहां पहुंचकर उन्होंने एक बहुत बड़ा एलान किया कि कोरोना की वैक्सीन जैसे दिल्ली में फ्री होगी वैसे ही पूरे देश में फ्री होगी।
गुरु तेग बहादुर अस्पताल में ड्राई रन का जायजा लेने पहुंचे डॉ. हर्षवर्धन ने पत्रकारों से बातचीत में वैक्सीन के इस्तेमाल को लेकर फैलाई जा रही अफवाहों पर कहा, 'देश के लोगों को मेरी अपील है कि वो किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें। भारत की सरकार देश के लोगों को कोविड-19 से सुरक्षित रखना चाहती है, वैक्सीन का विकास उसी प्रक्रिया का हिस्सा है।'
दिल्ली में कोविड-19 टीकाकरण का पूर्वाभ्यास शुरू
राष्ट्रीय राजधानी में तीन स्थलों पर कोविड-19 टीकाकरण का पूर्वाभ्यास शनिवार को शुरू किया गया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। केंद्र सरकार ने गुरुवार को कहा था कि सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रशासन दो जनवरी से इस गतिविधि को शुरू करेंगे ताकि योजना और लागू करने के बीच समन्वय की जांच की जा सके और इसमें आने वाली बाधाओं की पहचान की जा सके।
एक वरिष्ठ अधिकारी ने शनिवार को यहां कहा, ‘गुरु तेग बहादुर अस्पताल, शाहदरा, शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, दरियागंज और वेंकेटेश्वर अस्पताल, द्वारका दिल्ली के तीन स्थल हैं, जिसका चयन राष्ट्रीय राजधानी में टीकाकरण के पूर्वाभ्यास के लिए किया गया है।’
दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन इस अभ्यास के तौर पर दरियागंज के केंद्र का निरीक्षण करेंगे। हालिया स्वास्थ्य बुलेटिन के अनुसार दिल्ली के स्वास्थ्य सचिव की अध्यक्षता में शुक्रवार को एक वीडियो कॉन्फ्रेंस (ऑनलाइन सम्मेलन) तीन चुनिंदा स्थलों पर कोविड-19 टीकाकरण के पूर्वाभ्यास को लेकर किया गया था। इन स्थानों में मध्य जिले, शाहदरा जिले और दक्षिण-पश्चिम जिले के एक-एक केंद्र शामिल हैं।
फ्रीजर लगाने से लेकर इस पूरी प्रक्रिया के लिए कोल्ड चेन उपकरण स्थापित करने और जब कभी टीका उपलब्ध हो तो उसे दिल्ली सरकार के एक अस्पताल में रखने के प्रबंधन किए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने 24 दिसंबर को कहा था कि दिल्ली सरकार टीका प्राप्त करने, उसे रखने और शहर में टीकाकरण के पहले चरण में प्राथमिकता वाले श्रेणी के 51 लाख लोगों को लगाने के लिए पूरी तरह से तैयार है।
इनमें स्वास्थ्य कर्मी, कोविड-19 से लड़ने में अग्रिम मोर्चे पर काम कर रहे लोग, 50 साल से ज्यादा उम्र के लोग तथा बीमारियों से ग्रस्त 50 साल से कम उम्र के लोग शामिल हैं।