- नाराज ग्रामीणों ने शव रखकर लगाया जाम, सब इंस्पेक्टर ने एक युवक को फटकारा तो ग्रामीण हुए आक्रोशित
- एनटीपीसी दादरी मार्ग पर दो घंटे तक जारी रहा प्रदर्शन
संवाद न्यूज़ एजेंसी
दादरी। पटाड़ी गांव के पास बुधवार सुबह बेलगाम ट्रक ने स्कूटी सवार छात्रा को कुचल दिया। हादसे में हनुमान पुरी कॉलोनी निवासी छात्रा मनेहा शाह (15) की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं आरोपी चालक ट्रक छोड़कर फरार हो गया। घटना की सूचना मिलते ही नाराज ग्रामीण मौके पर जुट गए। इस दौरान दरोगा ने युवक को शांत रहने की धमकी दी। जिस पर ग्रामीण भड़क गए। उन्होंने सड़क पर शव रखकर एनटीपीसी-दादरी मार्ग पर करीब दो घंटे जाम लगा दिया। अधिकारियों ने दरोगा के खिलाफ कार्रवाई करने और आरोपी चालक को गिरफ्तार करने का आश्वासन दिया। जिसके बाद ग्रामीण लौट गए। पुलिस ने छात्रा के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
बेकरी का काम करने वाले बिहार के मोतिहारी निवासी रवि उर्फ राकेश कुमार रेलवे रोड के पास हनुमान पुरी काॅलोनी में सपरिवार के साथ रहते हैं। बेटी मनेहा शाह एनटीपीसी के डीएवी स्कूल में कक्षा 9वीं में पढ़ती थी। बुधवार को वह रोज की तरह स्कूल के लिए स्कूटी से निकली थी। एनटीपीसी के स्थित पटाड़ी गांव के पास बेलगाम ट्रक ने स्कूटी सवार छात्रा को को टक्कर मार दी। छात्रा के सड़क पर गिरते ही ट्रक के पहिये ने उसे कुचल दिया। छात्रा की मौके पर मौत हो गई।हादसे के वक्त छात्रा ने हेलमेट लगा रखा था। हालांकि ट्रक की टक्कर से हेलमेट सिर से निकालकर अलग गिर गया।
तेज आवाज को सुनकर आसपास के लोगों मौके पर पहुंच गए। ग्रामीणों ने ट्रक को घेर लिया। इस बीच चालक ट्रक छोड़कर फरार हो गया। कुछ ही देर में वहां पर सैंकड़ों लोग एकत्र हो गए। इसी बीच दरोगा ने आसपास के लोगों को सबक सिखाने की धमकी दी। इससे ग्रामीणों ने हंगामा शुरू कर दिया। गुस्साए ग्रामीणों ने एनटीपीसी-दादरी मार्ग पर छात्रा का शव रखकर सड़क पर जाम लगा दिया। घटना की सूचना परिजनों को दी गई। हादसे के बाद परिजन और स्कूल स्टाफ भी घटनास्थल पर पहुंच गए।
ग्रामीण एनटीपीसी रोड से ट्रकों को अलग खड़ा करने की मांग करने लगे। स्कूल टाइम के दौरान ट्रकों का आवागमन बंद करने की मांग पर अड़े रहे। पुलिस अधिकारियों के मान मनौव्वल पर भी ग्रामीणों ने जाम नहीं खोला। करीब 2 घंटे बाद दरोगा के खिलाफ कार्रवाई और ट्रक चालक को गिरफ्तार करने का आश्वासन मिलने पर ग्रामीणों ने रास्ता खाली कर दिया। पुलिस ने ट्रक को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है।
12 किमी दूर था स्कूल, एक माह पहले पिता ने खरीदी थी स्कूटी
मनेहा का स्कूल घर से करीब 12 किमी दूर था। उसे स्कूल आनेजाने में काफी परेशानी होती थी। इसे देखते हुए पिता ने एक माह पहले स्कूटी खरीदी थी। शुरू में उन्होंने मनेहा को स्कूटी चलाने नहीं दिया। हालांकि बेटी की जिद के कारण बाद में उसे अनुमति दे दी। वह रोजाना स्कूटी से ही स्कूल आती-जाती थी।
बेटी की मांग पूरी करने में नहीं करते थे पिता देरी
राकेश बेटी से बेहद प्यार करते थे। जब भी मनेहा कोई मांग करती उसे पूरा करने में देर नहीं लगाते थे। मनेहा पढ़ने में काफी अच्छी थी। परिजनों को उम्मीद थी कि बेटी एक न एक दिन उनका नाम रोशन करेगी। बुधवार को हादसे की सूचना मिलने के बाद पिता बार-बार सदमे में आ जा रहे थे। पत्नी ममता और परिजन उन्हें संभालने में जुटे थे।
कोट
हादसे के बाद उग्र भीड़ को किसी तरह शांत करके शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। परिजनों की शिकायत पर आरोपी चालक के खिलाफ केस दर्ज कर उसकी गिरफ्तारी की जाएगी।- अशोक कुमार, एडीसीपी ग्रेनो जोन