अब तक आधे बकायेदार बिल्डरों ने भी नहीं जमा कराई 25 प्रतिशत राशि
-57 बिल्डरों को जमा कराना है बकाया, 2041 फ्लैटों की कराई जा सकती है रजिस्ट्री, अब तक हुई 866
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। अमिताभ कांत समिति की सिफारिशों के लागू होने के बाद अब तक आधे बिल्डरों ने भी कुल बकाये की 25 प्रतिशत रकम जमा नहीं कराई है। ऐसे में रजिस्ट्री के काम में और देरी की संभावना है। अब तक कुल 25 बिल्डरों ने बकाये की 25 प्रतिशत रकम जमा कराई है। इस रकम के आधार पर 2041 फ्लैटों की रजिस्ट्री हो सकती है। अब तक इनमें से 866 रजिस्ट्री हो चुकी है।
प्राधिकरण के अधिकारियों के मुताबिक आजकल में तीन बिल्डरों ने पैसे जमा कराए हैं। इनमें सेक्टर-75 के एम्स प्रमोटर्स ने 14.19 करोड़ की रकम जमाई कराई है। इसके आधार पर 163 फ्लैटों की रजिस्ट्री हो सकती है। इसी तरह से सेक्टर-107 के प्रतीक इंफ्रा प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड ने 13.16 करोड़ जमा कराए हैं। यहां 39 फ्लैटों की रजिस्ट्री का रास्ता खुला। इसके अलावा सेक्टर-104 के एटीएस टाउनशिप प्राइवेट लिमिटेड ने कुल बकाये की 25 प्रतिशत रकम के तहत 11.10 करोड़ रुपए जमा कराए। यहां 53 फ्लैटों की रजिस्ट्री होगी।
समिति की सिफारिशों को लागू हुए बीते चार महीने, अब भी 9 बिल्डर गायब
अमिताभ कांत समिति की सिफारिशों को लागू हुए चार माह बीत चुके हैं। लेकिन अब भी 9 बिल्डर ऐसे हैं जिन्होंने न तो छूट के पैकेज पर साइन करने की सहमति दी है और न ही पैसे जमा कराए हैं। वहीं, 16 बिल्डरों ने सहमति देने के बाद आंशिक पैसे जमा कराए हैं। सात बिल्डरों ने सहमति तो दी है। लेकिन पैसे नहीं जमा कराए हैं। पांच बिल्डरों पर किसी तरह का बकाया नहीं है। कुल 57 बिल्डरों को बकाया राशि चुकानी है।
बिल्डरों पर एक्शन लेने के बाबत बोर्ड में होगा मंथन
नोएडा प्राधिकरण के आगामी बोर्ड बैठक में बिल्डरों पर एक्शन लेने के बाबत मंथन होगा। इसमें बचे हुए बिल्डरों पर कार्रवाई के लिए एक्शन प्लान बनाया जा सकता है। बोर्ड के माध्यम से ही यह फैसला होगा कि इनकी बची हुई संपत्तियों का क्या किया जाए। सेक्टर-75 के एम्स मैक्स गार्डेनिया बिल्डर पर कार्रवाई के बाद एक सकारात्मक संदेश गया है। इसी आधार पर बचे हुए बिल्डरों पर एक्शन लिया जा सकता है। उन सभी बिल्डरों को नोटिस भी जारी किया गया है, जिन्होंने अब तक पैसे नहीं जमा कराए हैं।
अब तक 25 बिल्डरों ने कुल बकाये की 25 प्रतिशत रकम जमा कराई है। 16 बिल्डरों ने आंशिक राशि जमा कराई है। सात ने सहमति दी है। नौ बिल्डरों ने तो सहमति दी है और न ही पैसे जमा कराए हैं।
एके सिंह, एजीएम, नोएडा प्राधिकरण