मनोज कुमार शर्मा
जेवर। एयरपोर्ट से प्रभावित लगभग तीन हजार किसान परिवार जेवर बांगर टाउनशिप के नए आशियाने में शिफ्ट हो गए हैं। गांव छोड़कर नए टाउनशिप में आए लोगों को बुनियादी सुविधाएं भी नहीं मिल पा रही हैं। यहां किसानों और विद्युत विभाग के बीच बिजली की आपूर्ति को लेकर पेच फंसा हुआ है जिसके चलते तीन हजार परिवार अंधेरे में रहने को मजबूर हैं। एक ओर प्रशासनिक अधिकारी किसानों की मांग को जायज मानते हुए उनके पुराने कनेक्शनों के आधार पर ही आपूर्ति बहाल कराने की पैरवी में जुटे हुए हैं। वहीं विद्युत विभाग नियमों का हवाला देते हुए नए टाउनशिप में गांव के कनेक्शन के आधार पर बिजली कनेक्शन देने में असमर्थता जता रहा है।
एयरपोर्ट से प्रभावित छह गांवों रोही, नगला फूलखां, नगला गणेशी, नगला छीतर, नगला शरीफ खां और दयानतपुर खेड़ा के तीन हजार किसान परिवारों को जेवर बांगर में बसाई गई टाउनशिप में विस्थापित किया गया। मगर विस्थापित किसान परिवारों को विद्युत आपूर्ति शुरू नहीं हो सकी है। किसानों की मांग है कि उनके घरों पर पूर्व में चल रहे विद्युत कनेक्शनों को ही आगे जारी रखते हुए विद्युत आपूर्ति शुरू की जानी चाहिए। किसानों के मुताबिक अधिकारियों ने उन्हें इसका आश्वासन भी दिया था।
वहीं, विद्युत विभाग के मुताबिक सभी तीन हजार किसान परिवारों को अपने पैतृक गांव वाले कनेक्शन को परमानेंट डिस्कनेक्ट कराना पड़ेगा। वहीं, जेवर बांगर की टाउनशिप में नया कनेक्शन लेने के बाद ही विद्युत आपूर्ति दी जाएगी। विद्युत विभाग और किसानों के बीच चल रही खींचतान की चलते यह किसान परिवारों के घरों में अंधेरा छाया हुआ है। संवाद
मंडलायुक्त ने विद्युत विभाग के महाप्रबंधक को लिखा पत्र
उपजिला अधिकारी जेवर रजनीकांत मिश्रा ने बताया की किसान लगातार अपने पुराने कनेक्शनों पर ही आपूर्ति देने की मांग कर रहे हैं। आला अधिकारियों ने विद्युत विभाग से किसानों को बिजली आपूर्ति देने के लिए कोई समाधान निकालने के लिए कहा था। नए टाउनशिप में दौरे पर आए मंडलायुक्त सुरेंद्र सिंह ने विद्युत विभाग के महाप्रबंधक को पत्र लिखते हुए समाधान के लिए कहा था। जल्द ही समस्या का समाधान करा लिया जाएगा।
गर्मी बारिश और उमस से परेशान
बिजली आपूर्ति नहीं होने के कारण गर्मी बारिश और उमस के बीच बड़ी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। कुछ किसान अपने मकानों में काम कराने के लिए जनरेटर की व्यवस्था कर चुके है वही बाकी किसान ऐसे किसानों के जनरेटर से रात में लाइट जलाने के लिए दिन में इनवर्टर चार्ज करते हैं लेकिन फिर भी रात भर लाइट नहीं जल पाती है जिससे घरों में अंधेरा और गर्मी से किसानों का हाल बेहाल है।
विद्युत विभाग ने कहा, टाउनशिप में नया कनेक्शन लेना अनिवार्य
विद्युत विभाग के अधिशासी अभियंता अजीत कुमार सिंह के मुताबिक पुराने कनेक्शन को दूसरी जगह ट्रांसफर करने का कोई प्रावधान नहीं है। यही वजह है कि जेवर बांगर में बसाई जा रही टाउनशिप में नए कनेक्शन लेना अनिवार्य है। टाउनशिप में लाइनों का काम करीब 70 फीसदी पूरा हो चुका है। आवेदन करते ही किसानों को तुरंत कनेक्शन मिल जाएगा।
जमीन अधिग्रहण के समय अधिकारियों ने गांव के कनेक्शन के आधार पर विद्युत आपूर्ति दिलाने का भरोसा दिया था। अब एक भी अधिकारी नजर नहीं आ रहा और विद्युत विभाग बिना नया कनेक्शन लिए आपूर्ति नहीं दे रहा है। - विस्थापित किसान संजय सिंह
जेवर बांगर की टाउनशिप में विद्युत विभाग दस हजार रुपये में कनेक्शन दे रहा है। यह किसानों के साथ खुली लूट है। किसान दस हजार देकर कनेक्शन नहीं लेंगे। भले ही उन्हें प्रशासन विद्युत आपूर्ति नहीं कराए। - विस्थापित किसान सतीश राणा
किसान अपनी मर्जी से जेवर बांगर की टाउनशिप में आकर नहीं बसे हैं। गांव में जिस व्यक्ति के नाम पहले कनेक्शन था उसी व्यक्ति के नाम अभी भी कनेक्शन है। ऐसे में नई कनेक्शन देने की बात हजम नहीं हो रही है। - विस्थापित किसान संजू तोमर
अधिकारियों के वादे पर भरोसा कर किसानों ने विस्थापन स्वीकार कर लिया। अब अधिकारी विद्युत आपूर्ति तक नहीं दिला पा रहे हैं। अधिकारियों को किसानों के पुराने कनेक्शनों पर ही तुरंत विद्युत आपूर्ति सुचारू करा देनी चाहिए। - विस्थापित किसान विष्णु सिंह