पुलिस की गिरफ्त में ठगी करने वाले तीनों आरोपी।
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नोएडा के फेज-एक थाना पुलिस ने चीन के लोन एप से ठगी और एडिटेड वीडियो से ब्लैकमेल करने वाले गिरोह का खुलासा कर तीन बदमाशों को गिरफ्तार किया है। तीनों की पहचान कासगंज निवासी राजीव पाल, बिहार के मुजफ्फरपुर निवासी मनीष कुमार और लोनी निवासी सूरज श्रीवास्तव के रूप में हुई है। आरोपियों के कब्जे से आठ मोबाइल, तीन लैपटाप, चार्जर और इयरफोन सहित अन्य उपकरण बरामद हुए हैं। आरोपियों ने अब तक एक हजार से अधिक लोगों से करोड़ों रुपये की ठगी की है।
आरोपियों को डाटा उपलब्ध कराने वाले एजेंट राजू की तलाश में कोतवाली पुलिस की टीमें दबिश दे रही हैं। आरोपी सेक्टर-16 के ए-27 में ऑफिस खोलकर ठगी कर रहे थे। पीड़ितों ने कुछ दिन पूर्व ही मामले की शिकायत पुलिस से की थी। डीसीपी हरीश चंदर ने बताया कि आरोपी चीन के लोन एप, कैश वॉलेट और ड्यूल कैश सहित त्वरित लोन देने वाले अन्य एप के माध्यम से उन ग्राहकों से संपर्क करते थे जो एक हजार से दस हजार रुपये तक का लोन लेते थे।
लोन नहीं चुकाने पर आरोपी ऐसे ग्राहकों को फोन कर पैसे वापस करने के लिए कहते थे। जालसाज ग्राहकों को उनके व्हाटसएप नंबर पर एक लिंक भेजते थे। जिसको क्लिक करने पर किसी दूसरे की जगह ग्राहक का चेहरा लगाकर अश्लील वीडियो दिखाई देती थी। इसके बाद जालसाज अश्लील वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देकर रकम वसूलते थे। पैसे ट्रांसफर होने के बाद जालसाज नंबर बंद कर लेते थे।
एसीपी सुशील गंगा प्रसाद ने बताया कि बीते दो साल से आरोपी ठगी की वारदात को अंजाम दे रहे थे। पूछताछ में पता चला कि आरोपी पहले नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी करते थे। पकड़े जाने के डर से एप से ठगी करने लगे। आरोपी एयरपोर्ट पर नौकरी लगवाने का झांसा देकर भी लोगों से दस से 40 हजार रुपये तक की ठगी कर चुके हैं।