नोएडा। ठेकेदारी व्यवस्था के तहत नोएडा प्राधिकरण में काम करने वाले सफाई कर्मचारियों की हड़ताल दूसरे दिन बुधवार को भी जारी रही। इससे शहर की सफाई के साथ जल-सीवर व्यवस्था भी प्रभावित हुई। कई गांवों और सेक्टरों में सफाई नहीं हुई और जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे रहे।
जिस गेट के सामने कर्मचारी धरना दे रहे हैं, उसी से प्राधिकरण परिसर से वाहन बाहर निकलते हैं। ऐसे में बुधवार को प्राधिकरण में वाहनों की प्रवेश-निकासी एक ही गेट से हुई। धरने में सफाई कर्मचारियों के अलावा जल विभाग से जुड़े कर्मचारी भी शामिल रहे।
कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में ठेकेदारी व्यवस्था खत्म कर उन्हें सीधे प्राधिकरण से जोड़ना, बंद पड़े शौचालयों में काम करने वाले कर्मचारियों का रुका वेतन जारी करना और कैशलेस कार्ड बनाना शामिल है। मांगों को लेकर बुधवार को सेक्टर-94 स्थित प्राधिकरण कार्यालय में जीएम एसपी सिंह और एके अरोड़ा ने कर्मचारी यूनियन के नेताओं के साथ वार्ता की। जीएम एसपी सिंह ने दावा किया कि वार्ता सफल रही और गुरुवार से सभी कर्मचारी काम पर लौट आएंगे। वहीं, हड़ताल में शामिल अखिल भारतीय सफाई मजदूर कांग्रेस के प्रदेश मंत्री बबलू पारचा ने कहा कि मांगों को लेकर कोई सहमति नहीं बनी है। ऐसे में हड़ताल समाप्त करने का निर्णय अभी नहीं लिया गया है। ब्यूरो