नूंह। जिला सचिवालय में मंगलवार को उपायुक्त धीरेंद्र खडग़टा की अध्यक्षता में जिला टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई। उपायुक्त ने कहा कि अवैध कॉलोनियां विकसित करने वालों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की जाए। शहर के आसपास और मुख्य स्थानों पर आम नागरिकों की जागरूकता के लिए चेतावनी बोर्ड लगाए जाएं। जिन पर अवैध निर्माण कार्य के परिणाम स्पष्ट लिखे हों।
उपायुक्त ने कहा कि जिला नगर योजनाकार विभाग अपने क्षेत्र में बिना नक्शा पास कराए बन रहे मकानों और अन्य निर्माण कार्यों पर रोक लगाएं। संबंधित व्यक्ति के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाए। संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि शहर व गांव में कोई भी व्यक्ति जरूरी अनुमति के बिना निर्माण कार्य करता है तो उसके खिलाफ एफआईआर भी दर्ज कराई जाए। इसमें 3 साल तक का कारावास और जुर्माने का भी प्रावधान है। शहर में बिना नक्शा पास कराए चल रहे रिजॉर्ट को नोटिस देकर उन्हें सील किया जाए। नागरिकों को बताया जाए कि भवन बनाने की सरकारी प्रक्रिया पूरी करना आवश्यक है, तभी शहर व गांव का सुनियोजित ढंग से विकास हो सकेगा। उन्होंने कहा कि कोई भी व्यक्ति अपनी मेहनत की कमाई ऐसी जगह ना लगाए, जहां आगे चलकर उसे परेशानी का सामना करना पड़े। कार्यकारी अभियंता लोक विभाग को आदेश दिए कि सड़कों के किनारों पर अवैध कब्जे न होने दें। वन विभाग से कहा कि पेड़ों की अवैध कटाई व अवैध निर्माण न होने दें। सभी एसडीएम को निर्देश दिए कि अपने उपमंडल में खुद निरीक्षण करें और अवैध निर्माण पाए जाने पर कानूनी कार्रवाई करें। जिला नगर योजनाकार वेदप्रकाश सहरावत ने बताया कि कुछ प्रॉपर्टी डीलर शहर में अवैध कॉलोनियां काट रहे हैं। उन्होंने कॉलोनियां काटने वालों को चेतावनी देने के साथ-साथ जनता से भी अपील की है कि किसी भी अवैध कॉलोनी में प्लॉट या मकान नहीं खरीदें।