मनोज बक्करवाला के करीबी शमीम उर्फ पिल्ला को दबोचा
हरियाणा पुलिस ने रखा हुआ था 25 हजार का इनाम
गिरोह के लाॅरेंस बिश्नोई और गोल्डी बराड़ से भी जुड़े तार
10 साल से वारदात दे रहा था अंजाम
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। पुलिस की स्पेशल सेल ने दस सालों में 4000 से ज्यादा गाड़ियों के इंजन व चेसिस नंबर बदलकर बेचने वाले बदमाश को गिरफ्तार किया है। आरोपी उत्तर भारत के कुख्यात वाहन चोर मनोज बक्करवाला का करीबी है। हरियाणा पुलिस ने एक मामले में इसकी गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया हुआ था। आरोपी की पहचान समर गार्डन, मेरठ निवासी शमीम उर्फ पिल्ला (40) के रूप में हुई है। आरोपी के लॉरेंस बिश्नोई और गोल्डी बराड़ गिरोह से भी तार जुड़े हुए हैं। गिरोह के एक सदस्य के भाई को सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड में गिरफ्तार किया गया था।
स्पेशल सेल के पुलिस उपायुक्त इंगित प्रताप सिंह ने बताया कि टीम ने अप्रैल में 25 हजार के इनामी बदमाश कमल को गिरफ्तार किया था। इसने पूछताछ के दौरान बताया कि वह सहयोगियों के साथ 800 से ज्यादा फर्जी ड्राइविंग लाइसेंस और वाहनों के रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट बनवा चुका है।कमल से पूछताछ और टेक्निकल सर्विलांस की मदद से टीम को पता चला कि सहयोगी शमीम संजय गांधी ट्रांसपोर्ट नगर, समयपुर बादली में आने वाला है। सूचना के बाद आरोपी को दबोच लिया गया। शमीम ने बताया कि वह मनोज बक्करवाला और मेरठ के नवाब जैसे वाहन चोर गिरोह के लिए काम करता है। इनकी मदद से चोरी के वाहन अलग-अलग राज्यों में अपराधियों को बेच दिए जाते थे। पुलिस ने आरोपी शमीम के पास से तमंचा और इंजन व चेसिस नंबर बदलने के औजार बरामद किए हैं। स्पेशल सेल ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर उससे पूछताछ शुरू की।बहादुरगढ़ पुलिस कर रही थी तलाश
बहादुरगढ़ की सदर थाना पुलिस ने मनोज बक्करवाला समेत इस गिरोह से जुड़े छह लोगों को गिरफ्तार किया था। उस समय शमीम भागने में कामयाब हो गया था। गिरोह के लॉरेंस बिश्नोई और गोल्डी बराड़ सिंडिकेट से भी तार जुड़े हुए थे। छह आरोपियों में गिरफ्तार आरोपी चिराग उर्फ कालू का भाई सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड में शामिल रहा था।