सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद केंद्रीय जांच ब्यूरो ने दाखिल की चार्जशीट में कहा
नोएडा। ‘फ्लैट पर कब्जे तक किश्त नहीं’ के वादे पर बनीं सबवेंशन स्कीम फर्जीवाड़े मामले में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की जांच आगे बढ़ी है। जांच एजेंसी ने शुभकामना बिल्डटेक बिल्डर के खिलाफ भी चार्जशीट दाखिल कर दी है। इसमें कहा है कि बिल्डर समूह ने धोखे से आपराधिक षड्यंत्र कर झूठे वादे से मासूम घर खरीदारों को फंसाया।
शुभकामना होम्स परियोजना शहर के सेक्टर-137 में है। सीबीआई ने इस एफआईआर में शुभकामना बिल्डटेक प्रा.लि. के निदेशक पीयूष तिवारी के साथ निजी बैंक के अज्ञात अधिकारियों को केस में शामिल किया है। सबवेंशन स्कीम फर्जीवाड़े में सीबीआई नोएडा की 10 परियोजनाओं की जांच कर रही है। इसमें जेपी, ड्रीम प्रोकॉन प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ पहले ही चार्जशीट दाखिल हो चुकी है।
शुभकामना बिल्डटेक बिल्डर नोएडा प्राधिकरण का भी डिफॉल्टर है। प्राधिकरण ने फरवरी 2025 में फंड डायवर्जन का आरोप लगाकर आर्थिक अपराध शाखा को जांच के लिए पत्र भेजा था। प्राधिकरण अधिकारियों का कहना है कि बिल्डर की तरफ से प्लॉट की बकाया धनराशि समय से नहीं जमा की गई। मौजूदा समय में 200 करोड़ रुपये से ज्यादा के बकाए का अनुमान है।