डॉ. नागर को टिकट मिलने के बाद पार्टी के एक धड़े के असंतुष्ट होकर सपा आलाकमान से मिलने की बात बताई जा रही है। माना जा रहा है कि इसके बाद ही पार्टी ने प्रत्याशी बदला है। नोएडा सेक्टर-128 असगरपुर निवासी राहुल अवाना (38) के पिता राहुल प्रधान सपा में रह चुके हैं। बताया जाता है कि सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने युवाओं को चुनाव में उतारने के मूलमंत्र के साथ राहुल पर दांव लगाया है। राहुल ने शारीरिक शिक्षा की पढ़ाई की है।
अमर उजाला से बातचीत में अवाना ने बताया कि वह वर्ष 2011 में अखिलेश यादव के साथ नोएडा से आगरा तक चले अभियान में शामिल थे। वह पार्टी की उम्मीदों पर खरे उतरेंगे और मजबूती से चुनाव लड़कर जीत हासिल करेंगे।
आगे कहा कि वह किसानों को उनका हक दिलाएंगे। उन्होंने चहकते हुए कहा कि अखिलेश यादव उनको राहुल दीवाना कहते हैं। वहीं, डॉ. महेंद्र नागर 35 वर्ष से राजनीति में हैं और दो साल पहले ही सपा में शामिल हुए थे। इससे पहले वह कांग्रेस के जिलाध्यक्ष भी रह चुके हैं। उन्होंने टिकट मिलने पर जीत का भरोसा दिलाया था।