फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Noida News: 800 एकड़ में विकसित होगी उत्तर भारत की पहली फिनटेक सिटी

विज्ञापन
विज्ञापन
- यमुना प्राधिकरण ने शासन को भेजी संशोधित डीपीआर, अब सेक्टर-11 में बसाने का प्लान
विज्ञापन

- वित्तीय कारोबार से जुड़ी कंपनियाें को आवंटित किए जाएंगे भूखंड

माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएड। नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे के पास उत्तर भारत की पहली फिनटेक सिटी बसाई जाएगी। पहले सेक्टर-11 में बसाई जाने वाली सिटी अब सेक्टर-13 में विकसित की जाएगी। शासन को भेजे गए संशोधित डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) में इसे 800 एकड़ में विकसित करने का प्रस्ताव रखा गया है। जबकि पुरानी डीपीआर में इसका क्षेत्र 250 एकड़ रखा गया था। अब प्रदेश कैबिनेट बैठक में इस पर फैसला लिया जाएगा।
पिछले यमुना प्राधिकरण ने कई सेक्टरों को जोड़ने वाले सप्ताह 75 और 45 मीटर रोड बनाने का निर्णय लिया था। इसमें सेक्टर-13 में मार्ग को लेकर तकनीकी दिक्कत आ रही थी। जिसके बाद फिनटेक सिटी को सेक्टर-11 में विकसित करने का फैसला लिया गया है। फिनटेक सिटी की यमुना एक्सप्रेसवे से सीधी कनेक्टिविटी हो जाएगी।
विज्ञापन

दरअसल, यमुना प्राधिकरण अंतरराष्ट्रीय स्तर की फिनटेक सिटी बसाना चाहता है। परियोजना को धरातल पर उतारने के लिए सिंगापुर, दुबई सहित कई अन्य देशों व गुजराज में स्थित गिफ्ट सिटी का अध्ययन किया गया है। इसमें ऑनलाइन बैंकिंग, निवेश, रिसर्च, क्राॅउड फंडिंग, डिजिटल मनी, स्टॉक एक्सचेंज, बीमा कंपनियां, शॉपिंग सेंटर, ई-पेमेंट गेटवे प्लेटफॉर्म जैसी निजी व सार्वजनिक क्षेत्र की संस्थाओं को भूखंड आवंटित किए जाएंगे। फिनटेक सिटी में निवेश करने वाली कंपनी को नए प्रोडक्ट लॉन्च करने पर अलग से लाइसेंस लेने की जरूरत नहीं होगी। निवेश करने वाली कंपनियों को एफडीआई (प्रत्यक्ष विदेशी निवेशी) और नई औद्योगिक प्रोत्साहन नीति के तहत लैंड सब्सिडी, टैक्स, कस्टम आदि में छूट प्रदान की जाएगी। इसे तीन चरणों में इसे विकसित किया जाएगा। जिसमें पहला चरण-250 एकड़ में होगा।


पहले चरण में वित्तिय कंपनियों को आवंटित होंगे 124 भूखंड

फिनटेक सिटी का पहला चरण वर्ष 2027 तक पूरा होगा। पहले चरण में वित्तिय कंपनियों को 124 भूखंड आवंटित किए जाएंगे। इसके अलावा 137 काॅमर्शियल प्लाॅट भी आवंटित किए जाएंगे। कुल 23 एकड़ जमीन प्लॉट विकसित किए जाएंगे। अधिकारियों के मुताबिक पहले चरण में 49 फीसदी जमीन पर ही गतिविधियां शुरू होंगी बाकी 51 फीसदी क्षेत्र में हरियाली होगी। वहीं इसका दूसरा चरण वर्ष 2030 और तीसरा चरण 2034 तक पूरा किया जाएगा।

चार मॉडल पर किया जा रहा विचार

फिनटेक सिटी बसाने के लिए यमुना प्राधिकरण चार मॉडल पर विचार कर रहा है। एकल या एकाधिक आवंटियों को भूमि देने के अलावा सार्वजनिक निजी भागीदारी मॉडल या हाइब्रिड वित्तीय मॉडल पर विचार किया जा रहा है।
विज्ञापन




फिनटेक सिटी पहले सेक्टर-13 में विकसित की जानी थी। जिसे अब सेक्टर-11 में बसाया जाएगा। अब इसे बढ़ाकर 800 एकड़ में विकसित किया जाएगा। - डॉ़ अरुणवीर सिंह, सीईओ यमुना प्राधिकरण।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें