धर्मांतरण के लिए नोएडा-एनसीआर पहले से रहा है सॉफ्ट टारगेट
वर्ष 2021 में नोएडा डेफ सोसाइटी में धर्मांतरण के बड़े सिंडिकेट का हुआ था खुलासा
एटीएस से लेकर कई एजेंसियों ने की थी जांच, अब नोएडा के बहुमंजिला इमारत में रहकर हो रहा था धर्मांतरण का प्रयास
सुशांत समदर्शी
नोएडा। धर्मांतरण को लेकर नोएडा-एनसीआर पहले से ही सॉफ्ट टारगेट रहा है और यहां आईएसआई मॉड्यूल से लेकर विदेशी फंडिंग का कनेक्शन भी सामने आया है। नोएडा पुलिस की तरफ से धर्मांतरण के प्रयास करने के रैकेट का खुलासा पहला नहीं है। इससे पहले वर्ष 2021 में नोएडा डेफ सेासाइटी में धर्मांतरण के बड़े सिंडिकेट का खुलासा हुआ था। इस मामले में एटीएस ने मुकदमा दर्ज किया था। यहां मूक बधिर बच्चों के धर्मांतरण का खुलासा हुआ था।
यूपी एटीएस ने वर्ष 2021 में मूक बधिर छात्रों व कमजोर आय वर्ग के लोगों को लालच देकर धर्मांतरण कराने वाले सिंडिकेट के दो आरोपियों मुफ्ती काजी जहांगीर और मोहम्मद उमर गौतम को गिरफ्तार किया था। दोनों से जब पूछताछ की गई तब धर्मांतरण का नोएडा कनेक्शन सामने आया था। इस कनेक्शन के तहत पता चला कि सेक्टर-117 में नोएडा डेफ सोसाइटी नामक एक स्कूल है। यहां मूक बधिर बच्चों व बड़ों को शिक्षा दी जाती है। इस स्कूल में पढ़ने वाले दो बच्चों को इस सिंडिकेट की तरफ से प्रलोभन देकर इस्लाम धर्म में शामिल कराया गया था। इस सिंडिकेट में शामिल लोग स्कूल में नहीं आकर बाहर मिलते थे। वहां स्कूल के मूक बधिरों के बारे में पूरी जानकारी लेते थे और उसकी प्रोफाइल तैयार करते थे। फिर मौका पाकर उन बच्चों से संपर्क कर लालच देते थे और धर्मांतरण कराते थे। इस मामले में एटीएस की जांच में पता चला था कि धर्मांतरण कराने वाला सिंडिकेट आईएसआई की मदद से विदेशी फंडिंग से इस काम को करवाते थे। इस मॉड्यूल के तहत नोएडा व एनसीआर के मूक बधिर बच्चों को टारगेट किया गया था। इन मूक बधिरों को पैसे व नौकरी का लालच तो दिया ही गया और साथ में शादी का भी प्रलोभन दिया गया था। शादी का प्रलोभन मूक बधिर को अधिक प्रभावित करता था।
एनसीआर में सिंडिकेट की जड़ें गहरी
धर्मांतरण मामले में जब एटीएस ने जांच की थी तब तब पता चला कि नोएडा डेफ सोसाइटी से जुड़े आरोपियों का सिंडिकेट देशभर में फैला हुआ था लेकिन एनसीआर में इनकी जड़ें गहरी होने की जानकारी मिली थी। अब एक बार फिर से नोएडा में धर्मांतरण के प्रयास का मामला सामने आने पर पुलिस अलर्ट है। पुलिस व एजेंसियों की जांच में यह बात पहले भी आई है कि धर्मांतरण का एक अलग मॉड्यूल काम करता है जो धीरे-धीरे लोगों से संपर्क कर उसे अपना बनाने का प्रयास करता है। इस धर्मांतरण सिंडिकेट का बिलाल फिलिप व जाकिर नाइक कनेक्शन भी उस वक्त सामने आया था। बिलाल फिलिप कतर में रहकर सबसे बड़ा धर्म परिवर्तन कराने वाला आतंकी है और जाकिर नाइक विवादित इस्लामिक स्कॉलर है।