एनजीटी में यूपी सरकार ने दी रिपोर्ट, चार जून के बाद चार सप्ताह में काम पूरा कराने का दावा
अतुल भारद्वाज
नोएडा। प्रदूषण और अतिक्रमण का शिकार बनीं हिंडन और यमुना नदी के बाढ़ क्षेत्र को तय करने का काम शुरू हो गया है। यूपी सरकार ने खुद एनजीटी में इसके लिए रिपोर्ट दी है। यूपी सरकार का कहना है कि चुनाव में अधिकारियों की व्यस्तता की वजह से काम में देरी हो रही है। ऐसे में चार जून के बाद इसे चार सप्ताह में पूरा करा लिया जाएगा। एनजीटी ने अब तीन महीने का समय इस काम के लिए दिया है।
गाजियाबाद और गौतमबुद्ध नगर में बाढ़ क्षेत्र के चिन्हांकन को लेकर एनजीटी लगातार सख्त बना हुआ है। महेश कुमार और आलोक कुमार की याचिका पर सुनवाई करते हुए एनजीटी के चेयरमैन जस्टिस प्रकाश श्रीवास्तव, सदस्य जस्टिस सुधीर अग्रवाल, डॉ. ए सेंथिल वेल ने कहा है कि चिन्हांकन की प्रक्रिया को पूरा कर अधिकारी तीन महीने में अपनी रिपोर्ट दें। अगली सुनवाई सात अगस्त को एनजीटी इस मामले में करेगा। यह चिन्हांकन नदी के बाढ़ क्षेत्र में हो रहे अवैध कब्जे और निर्माण को रोकने और पूर्व में हुए अवैध निर्माणों पर कार्रवाई के लिए एनजीटी के आदेश पर कराया जा रहा है। इससे पहले एनजीटी को यूपी सरकार की तरफ से बताया गया कि राष्ट्रीय महत्व की संस्था सर्वे ऑफ इंडिया को चिन्हांकन का काम सौंपा गया है। अभी तक यमुना नदी के 75 किमी में से 30 किमी के चिन्हांकन का काम पूरा हो गया है। अगले एक सप्ताह में बाकी 45 किमी में भी चिन्हांकन पूरा हो जाएगा। सर्वे ऑफ इंडिया को भी इसकी रिपोर्ट दी जाएगी। इस संस्था के रिपोर्ट के आधार पर डाटा तैयार करने के बाद इसके बाद सीमांकन की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
हिंडन नदी में बहाव बनाए जाने की भी बनी योजना
इसके अलावा अभिष्ट गुप्ता की याचिका पर एनजीटी के आदेश पर 26 अप्रैल को अपर मुख्य सचिव औद्योगिक विकास मनोज कुमार सिंह ने एक बैठक हिंडन नदी के मामले में ली। एनजीटी को दी गई रिपोर्ट में बताया गया है कि अपर मुख्य सचिव ने हिंडन नदी में प्रवाह सुचारु रखनेे के लिए जल प्रबंधन के लिए सिंचाई विभाग को आदेश किया है। वहीं पर्यावरणीय हर्जाना की धनराशि से हिंडन और इसकी सहायक नदियों के वेटलैंड के विकास के लिए डीपीआर तैयार कर काम कराने का आदेश भी उन्होंने किया है। हिंडन नदी के कैचमेंट एरिया में डाई इंडस्ट्री, इलेक्ट्रोप्लेटिंग के काम को सख्ती से बंद कराने के लिए भी कहा गया है। ऐसे इलाकों को हॉटस्पॉट मानते हुए टीमें मौके पर जाकर कार्रवाई भी करेंगीं।
हिंडन को प्रदूषित करने पर आठ के खिलाफ मुकदमा
वहीं अभिष्ट गुप्ता ने बताया कि हिंडन नदी को प्रदूषित करने के मामले में यूपीपीसीबी की विशेष कोर्ट में आठ के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। प्रदूषण फैलाने के लिए यह मुकदमा नगर निगम गाजियाबाद, नगर पालिका शामली, नगर पंचायत ननौता सहारनपुर, नगर पालिका लोनी गाजियाबाद, नगर पालिका सरधना मेरठ, एसके कलेक्शन मुजफ्फरनगर, चौधरी क्रिएशन मुजफ्फरनगर, एडब्ल्यूएफ कलेक्शन मुजफ्फरनगर के खिलाफ नोटिस जारी कर अगली सुनवाई में मौजूद रहने के लिए कहा गया है।