चालक बाइक रोककर गंभीर रूप से घायल वैशाली की मदद करने के बजाय उसे साइड कर फरार हो गया। एक स्कूटी चालक ने ऑटो वाले की मदद से वैशाली को निजी अस्पताल पहुंचाया। उसकी हालत बिगड़ती जा रही थी। वैशाली ने बुधवार को दम तोड़ दिया। पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है, लेकिन अब तक आरोपी की पहचान और गिरफ्तारी नहीं कर पाई है। बिसरख कोतवाली प्रभारी अनिल राजपूत का कहना है कि जल्द आरोपी को गिरफ्तार किया जाएगा।
साढ़े तीन लाख का बिल बनाकर बताया ब्रेन डेड
प्रीति ने निजी अस्पताल के चिकित्सक पर भी उपचार में लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है। प्रीति का कहना है कि वैशाली की चोट की सही जानकारी व उपचार के बिना उसे आईसीयू में रखकर इलाज किया। वह लखनऊ के चिकित्सकों से सलाह लेती रहीं और निजी अस्पताल के डाॅक्टर से किसी तरह लखनऊ तक पहुंचाने की अपील करती रहीं। सोमवार तक चिकित्सक ने साढ़े तीन लाख रुपये का बिल बना दिया। इसके बाद वैशाली ने परिजनों को पहचानना भी बंद कर दिया। डाॅक्टर ने कह दिया कि वैशाली का ब्रेन डेड हो गया, उसे कहीं और ले जाओ।