ऊन। दीपावली त्याेहार जैसे-जैसे नजदीक आ रहा है, वैसे-वैसे क्षेत्र में मावे की भट्टियां जोरों से चल रही हैं। सिंथेटिक मावा और नकली दूध का कारोबार तेजी से फल-फूल रहा है, लेकिन विभाग द्वारा अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है।
त्योहारों पर मावे से बनी मिठाइयों रसगुल्ला, बर्फी, पेड़ा आदि में सिंथेटिक मावे का प्रयोग बड़ी मात्रा में किया जा रहा है। गांव-गांव में भट्टियां जल रही हैं, जिनसे तैयार मावा दूर-दूर तक भेजा जा रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि विभाग हर साल की तरह इस बार भी कुछ नमूने लेकर इतिश्री कर देता है। लोगों की शिकायत के बाद त्योहारों के मद्देनजर उप जिलाधिकारी संदीप त्रिपाठी ने खाद्य सुरक्षा अधिकारी को पत्र लिखकर मिठाई की दुकानों और मावे की भट्टियों पर जांच कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
फूड इंस्पेक्टर कंवरपाल सिंह ने बताया कि लगातार कार्रवाई की जा रही है। मंसूरा व भूरा गांवों में मंगलवार को कार्रवाई हुई है और कैराना क्षेत्र में भी जांच की गई है। ऊन क्षेत्र में भी शीघ्र कार्रवाई की जाएगी।