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Noida News: पश्चिमी यूपी से बंगाल तक फैला है पशु तस्करों का नेटवर्क...युवा बन रहे कैरियर

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गोरखपुर में शाहपुर, शिवपुर साहबाजगंज, आवास विकास, संगम चौराहे के आसपास से उठाते हैं पशु
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गोरखपुर, देवरिया, कुशीनगर के युवाओं को तस्करी के लिए बना रहे कैरियर
पशुओं को लादकर कुशीनगर के रास्ते बिहार भेजते हैं, वहां से भेजते हैं बंगाल
गोरखपुर। पूर्वी उत्तर प्रदेश से लेकर पश्चिमी यूपी और बंगाल तक फैले पशु तस्करों का नेटवर्क लगातार सक्रिय है। इसमें गोरखपुर, देवरिया और कुशीनगर के युवाओं को तस्कर बड़े पैमाने पर कैरियर के रूप में इस्तेमाल कर रहे हैं। ये युवक मामूली पैसों के लालच में अपराधियों के चंगुल में फंस जाते हैं और पशुओं को अवैध रूप से ढोने का काम करते हैं।

गोरखपुर शहर में शाहपुर, शिवपुर सहबाजगंज, आवास विकास और संगम चौराहे के आसपास के इलाकों से पशु उठाए जाते हैं। इसके बाद इन्हें ट्रकों और पिकअप गाड़ियों में लादकर कुशीनगर के रास्ते बिहार भेजा जाता है। बिहार पहुंचने के बाद यही खेप पश्चिम बंगाल के सीमावर्ती जिलों तक पहुंचाई जाती है, जहां से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इनकी खपत होती है।
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सूत्रों के अनुसार, पश्चिमी यूपी के कई जिलों से भी इस नेटवर्क को सपोर्ट मिलता है। आंबेडकरनगर, संभल, मुजफ्फरनगर, शामली, अमरोहा और रामपुर में सक्रिय गिरोह गोरखपुर के नेटवर्क से जुड़े हुए हैं। यह पूरा रैकेट संगठित तरीके से काम करता है। एक ग्रुप पशुओं को इकट्ठा करने का काम करता है, दूसरा परिवहन की जिम्मेदारी संभालता है और तीसरा गंतव्य स्थान तक सुरक्षित पहुंचाने का इंतजाम करता है।
हाल ही में गोरखपुर कैंट पुलिस ने आंबेडकरनगर जिले के रामनगर थाना क्षेत्र के जहांगीराबाद लखनडीह निवासी अमरेश और राहुल पांडेय को गिरफ्तार किया था। इसी तरह खोराबार थाना क्षेत्र में संभल जिले के कोतवाली थाना निवासी इरफान अहमद के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया था। वह कई बार बड़े पैमाने पर पशु तस्करी कर चुका है और उसका नेटवर्क बिहार और बंगाल तक फैला हुआ है।
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युवाओं को बनाते हैं निशाना
पुलिस सूत्रों ने बताया कि इस धंधे में शामिल लोग युवाओं को सबसे ज्यादा निशाना बनाते हैं। नशे के आदी हो चुके युवा चार से पांच हजार रुपये की लालच में अपराधियों के जाल में फंस जाते हैं। उन्हें बताया जाता है कि यह महज लोडिंग का काम है, जबकि वास्तव में यह संगठित तस्करी का हिस्सा होता है। पकड़े जाने पर युवाओं का भविष्य दांव पर लग जाता है।
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