पुन्हाना। किसान आंदोलन के छह माह पूरे होने पर सुन्हेड़ा बॉर्डर पर पिछले 135 दिनों से मेवाती किसान मोर्चा के बैनर तले धरना दे रहे अन्नदाताओं ने बुधवार को काले झंडे फहराकर काला दिवस मनाया और नए कृषि कानूनों का विरोध किया।
मेवाती किसान मोर्चा धरना के संचालक मौलाना अरशद मीलखेड़ला और प्रवक्ता अब्दुल रशीद एडवोकेट ने बताया कि नए कृषि कानूनों के विरोध और एमएसपी की लिखित गारंटी की मांग के संबंध में हजारों किसान दिल्ली की बॉर्डरों पर आंदोलन कर रहे हैं। बुधवार को इसे 6 माह पूरे हो गए हैं, लेकिन केंद्र सरकार ने अहंकार के कारण नए कानूनों को वापस नहीं लिया। इसीलिए 26 मई को काले झंडे फहराकर काला दिवस मनाया गया। किसानों का कहना है कि जब तक सरकार तीनों कृषि कानूनों को वापस नहीं ले लेती है, तब तक धरना जारी रहेगा। इस मौके पर सदर मौलाना अरसद साहब, किसान मोर्चा के प्रवक्ता रशीद अहमद एडवोकेट, मुबारिक अटेरना, एडवोकेट अजीज अख्तर, मुफ्ती सलीम कासमी, कारी इश्तियाक, हाफिज रौनक, शाहिद जिराहेड़ा, शौकत खेड़ा, अलीजान, मुबीन नहेदा, हबीबुर्रहमान पूर्व विधायक आदि मौजूद रहे।