तावडू। उपमंडल की सीमा में बने धुलावट केएमपी टोल प्लाजा पर वाहन चालकों ने पांच गुना टोल वसूलने का आरोप लगाया है। आरोप है कि टोल कर्मियों द्वारा जानबूझकर यह गड़बड़ी की जा रही है।
तावडू निवासी पवन, अजमत, अजय सतीजा व डॉ. रामअवतार चौधरी ने धुलावट टोल बूथ पर निर्धारित टोल के मुकाबले 3 से 5 गुना अधिक टोल वसूलने के आरोप लगाए हैं। नगर के वार्ड 5 निवासी अजय सतीजा उर्फ चुन्नू ने बताया कि 7 मार्च की सुबह वह पलवल के लिए निकला और दोपहर बाद पलवल से वापस धुलावट टोल होते हुए तावडू आ गया। उसके बाद वह आश्चर्यचकित रह गया जब दो दिन बाद 9 मार्च को उनके मोबाइल पर फास्टैग द्वारा 60 रुपये टोल कटने की जगह जाते समय 245 रुपये और वापस आते समय 185 रुपये कटने का संदेश आया। एक तरफ का टोल 60 रुपये बताया गया है। इसके अलावा शहर निवासी के वार्ड 10 निवासी डॉ. रामावतार चौधरी ने बताया कि वह पलवल से तावडू लौट रहे थे तो फास्टैग स्कैन करने वाली मशीन द्वारा उनकी गाड़ी में लगा टैग स्कैन नहीं हो पाया। जिसके चलते टोल कर्मियों ने उनसे दुगने पैसे नकद ले लिए। उसके बाद जब वह घर पहुंचा तो रात के समय उनके मोबाइल पर फास्टैग द्वारा भी पैसे कटने का संदेश आया। स्कैनिंग मशीन कमजोर होने से उन्हें एक बार टोल देने की जगह 3 गुना टोल देना पड़ा। इस बारे में जब उन्होंने जाकर टोल कर्मचारियों से बात की तो वह भी झगड़े पर उतारू हो गए। वहीं इसी प्रकार तावडू शहर निवासी सहरून ने बताया कि गत 31 मार्च को उनकी कार घर पर खड़ी हुई थी, दो दिन बाद उनके मोबाइल पर टोल काटने का संदेश उन्हें प्राप्त हुआ तो वह टोल प्लाजा पर पहुंचे। उन्होंने शिकायत की तो किसी ने उनसे सीधे मुंह बात नहीं की।
धुलावट टोल प्रबंधक प्रफुल्ल कुमार ने बताया कि मार्ग पर चढ़ते समय एंट्री प्वाइंट पर कई बार कार्ड रीड नहीं होने के चलते ऐसा हो सकता है। सही तरह से कार स्कैन नहीं होने पर केएमपी के फर्स्ट प्वाइंट से एग्जिट प्वाइंट तक का टोल फास्टैग द्वारा कट जाता है। वाहन चालकों से अपील है कि एंट्री प्वाइंट पर कार्ड रीड होने की पुष्टि के बाद ही आगे बढे़। वहीं, एक चालक का बेवजह टोल काटने का संदेश प्राप्त होने के बारे में बताया कि इस बारे में जांच की जा रही है।े