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Noida News: फैशन-लाइफस्टाइल कंपनी से ऑडिट के नाम पर कंपनी से 2.42 करोड़ ठगने का आरोप

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-कोर्ट के आदेश से सेक्टर-142 थाने में एफआईआर, फर्जी होटल बिल से भुगतान लेने का आरोप
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माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। थाना सेक्टर-142 पुलिस ने स्टॉक ऑडिट के नाम पर फैशन-लाइफस्टाइल कंपनी से करोड़ों रुपये का भुगतान लेने के मामले में कोर्ट के आदेश पर कानपुर की एक फर्म और उसके प्रोपराइटर के खिलाफ शनिवार को प्राथमिकी दर्ज की है। पुलिस मामले की जांच में लगी है।
सेक्टर-90 स्थित रेडटेप लिमिटेड के वाइस प्रेसिडेंट शशांक कुमार के अनुसार कंपनी ने देशभर के स्टोरों में इन्वेंट्री और स्टॉक ऑडिट के लिए 1 अप्रैल 2024 को कानपुर की मैसर्स गुडलक रिटेल सर्विस के प्रोपराइटर हिमांशु गुप्ता से अनुबंध किया था। फर्म का कार्यालय कानपुर के एक्सप्रेस रोड पर बताया गया है। अनुबंध के तहत स्टॉक की वास्तविक भौतिक गिनती के बदले ऑडिट शुल्क मिलना था। जिन शहरों में ऑडिट फर्म का अपना कार्यालय या भौतिक उपस्थिति थी, वहां आवास खर्च देय नहीं था।
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कंपनी का आरोप है कि स्टोरों की इन्वेंट्री में शॉर्टेज भौतिक रूप से कम दिखाई जा रही थी। जांच के लिए कंपनी ने गाजियाबाद की सीए फर्म मैसर्स देवांश शर्मा एंड कंपनी से फोरेंसिक ऑडिट कराया। रिपोर्ट में वित्तीय वर्ष 2024-25 में ऑडिट फीस के 74.62 लाख और टीए व डीए के 51.45 लाख रुपये, कुल 126.07 लाख रुपये का भुगतान दर्शाया गया। वर्ष 2025-26 में ऑडिट फीस 66.72 लाख और टीए/डीए 49.64 लाख रुपये, कुल 116.36 लाख रुपये बताए गए। दोनों वर्षों का योग 2.42 करोड़ रुपये से अधिक है। ऐसे लोगों के नाम पर फर्जी होटल बिल बनवाकर पैसे लिए गए, जो अधिकृत ऑडिट टीम का हिस्सा ही नहीं थे।
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कंपनी के अनुसार, फोरेंसिक रिपोर्ट में गड़बड़ी सामने आने पर उच्च अधिकारियों ने हिमांशु गुप्ता से रकम लौटाने को कहा। आरोप है कि वह अपनी गलती मानने के बजाय आक्रामक हो गया और कंपनी के कार्यालय में मौजूद कर्मचारियों से हाथापाई की। वहीं कोतवाली प्रभारी संजय सिंह का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है।
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