पक्ष और विपक्ष सड़क पर उतर एक दूसरे को कठघरे में खड़ा कर रहे
सचदेवा बोले- केजरीवाल सरकार अब एक पूरी तरह से अवैध है
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी की वजह से राजधानी में सियासी पारा गर्म है। पक्ष और विपक्ष दोनों आमने-सामने हैं। सड़क पर उतरकर एक दूसरे को कठघरे में खड़ा किया जा रहा है। विरोध-प्रदर्शन के बीच शब्दों के खूब बाण चल रहे हैं। वहीं, दोनों पार्टियों के प्रदर्शन की वजह से पुलिस की सांसें फूली हुईं हैं। सड़क पर उतरे कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन उग्र होने से रोकने के लिए वाटर कैनन का भी इस्तेमाल हो रहा है।
भाजपा ने मांगा सीएम का इस्तीफा, एलजी से शिकायत
मंगलवार को मुख्यमंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर भाजपा नेता सड़क पर उतरे। साथ में मुख्यमंत्री की तरफ से जारी दूसरे आदेश पर भाजपा नेताओं ने ईडी और दिल्ली के उपराज्यपाल से शिकायत की। भाजपा का आरोप है कि ईडी की हिरासत में होने के बावजूद मुख्यमंत्री दिल्ली सरकार के लिए निर्देश जारी कर रहे हैं, जो गैरकानूनी व सांविधानिक है। दिल्ली गेट से भाजपा कार्यकर्ता दिल्ली सचिवालय की तरफ मार्च करना चाह रहे थे, लेकिन पुलिस ने वाटर कैनन चलाकर सभी को रोक दिया। बैरिकेड्स तोड़ने पर कार्यकर्ताओं को हिरासत में लेकर कमला नगर थाने लाया गया। हालांकि, बाद में सभी को छोड़ दिया गया।
इस मौके पर प्रदेश भाजपा अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने कहा कि अरविंद केजरीवाल की सरकार अब एक पूरी तरह से अवैध है। मुख्यमंत्री पद पर उनका बने रहना कानून का उल्लंघन है। वह सरकार और पार्टी को व्यक्तिगत साम्राज्य समझते हैं। उनका भ्रष्टाचार के आरोपों पर गिरफ्तार किया जाना पहला मामला नहीं है। विदेशों के पीएम हों या भारत में सीएम सभी ने भ्रष्टाचार के आरोपों के कारण इस्तीफे दिए हैं। केजरीवाल के तुरंत इस्तीफा देने के लिए पूर्व मुख्यमंत्री मदन लाल खुराना का एक आदर्श उदाहरण है, जिन्होंने हवाला मामले में नाम आने पर तुरंत इस्तीफा दिया था। दिल्लीवासी चाहते हैं कि केजरीवाल भी तुरंत इस्तीफा दें।
भाजपा ने सभी दिग्गज नेताओं को उतारा
मुख्यमंत्री के खिलाफ भाजपा ने सभी दिग्गज नेताओं को सड़क पर उतार दिया है। भाजपा सांसद, विधायक, पार्षद, प्रदेश पदाधिकारी समेत कई कार्यकर्ता मुख्यमंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन में शामिल हुए। इनमें मुख्य रूप से डॉ. हर्षवर्धन, मनोज तिवारी, रमेश बिधूड़ी, विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष रामवीर सिंह बिधूड़ी, पवन शर्मा, हर्ष मल्होत्रा, योगेंद्र चंदोलिया, बांसुरी स्वराज, विजेंद्र गुप्ता, आदेश गुप्ता, अजय महावर, मोहन सिंह बिष्ट, अभय वर्मा, अनिल बाजपाई, जितेंद्र महाजन, आशीष सूद, प्रवीण शंकर कपूर, योगिता सिंह, श्री विनय रावत, विष्णु मित्तल, अनीस अब्बासी समेत कई नेता शामिल थे।
दिल्ली ही नहीं पंजाब में भी शराब घोटाला : सिरसा
प्रदर्शन में शामिल भाजपा के राष्ट्रीय सचिव सरदार एमएस सिरसा ने कहा कि केजरीवाल पहले ही शराब घोटाले में गिरफ्तार हैं। अब पंजाब में भी शराब घोटाले की जांच की मांग बढ़ रही है। जल्द ही पंजाब के सीएम को भ्रष्टाचार के आरोपों का सामना करना पड़ सकता है। उन्होंने एक स्वयं घोषित खालिस्तानी नेता के वीडियो का मामला उठाया, जो सोशल मीडिया पर चल रहा है, जिसमें कहा गया है कि केजरीवाल ने आप के लिए केएलएफ से राजनीतिक फंडिंग ली है, जो एक गंभीर मामला है। इसका जवाब आप को देना चाहिए। मनोज तिवारी ने कहा कि केजरीवाल ने न सिर्फ दिल्ली को लूटा, बल्कि जवाबदेही से दूर रहे हैं। दिल्ली की जनता उन्हें माफ नहीं करेगी। दिल्ली के लोग केजरीवाल का इस्तीफा मांग रहे हैं।
दिल्ली विधानसभा को विघटित कर देना चाहिए : बांसुरी स्वराज
प्रदेश भाजपा सचिव बांसुरी स्वराज ने कहा कि केजरीवाल ने एक पार्टी बनाई है जो केवल भ्रष्टाचार और लूट को ही अपनाती है। इसके परिणामस्वरूप दिल्ली के लोगों ने अब उन्हें छोड़ने का निर्णय ले लिया है। केजरीवाल ने कहा था कि अगर कोई हम पर इल्जाम लगाता है, तो इस्तीफा दे दूंगा, लेकिन अब वे अपने खुद के शब्दों का विरोध करते हुए दिखाई दे रहे हैं। केजरीवाल को तत्काल इस्तीफा देना चाहिए और विधानसभा को विघटित कर देना चाहिए। सांसद रमेश बिधूड़ी ने कहा कि केजरीवाल की पत्नी सुनीता केजरीवाल को मुख्यमंत्री के रूप में नियुक्त तो किया जा सकता है, लेकिन दिल्ली को कौन साफ पानी प्रदान करेगा, विकास कौन करेगा। केजरीवाल ने चुनाव से पहले कहा था कि हमारे पास 62 हीरे हैं, लेकिन आज वे जेल में हैं, तो उनके सभी हीरे कचरे में बदल गए हैं।