- रिश्तेदार को गोली मारने के मामले में अदालत ने सुनाया फैसला
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत ने रिश्तेदार की हत्या के मामले में पर्थला खंजरपुर नोएडा निवासी धर्मेंद्र यादव को दोषी करार देते हुए साढ़े सात साल की सजा सुनाई है। दोषी पर 12 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। 9 मई 2023 को सूचनाकर्ता
पूर्व प्रधान चरण सिंह की बेटी शीतल का विवाह संपन्न हुआ था।अगले दिन जब उनका पुत्र तबीश घर के बाहर विवाह समारोह के सामान को व्यवस्थित कर रहा था। तभी उनके छोटे भाई का साढ़ू (बहनोई) धर्मेंद्र यादव वहां आया और छोटे से विवाद करने लगा। जब शोर सुनकर चरण सिंह बाहर आए और उनके बेटे ने धर्मेंद्र को झगड़ा न करने को कहा तो आरोपी ने अपनी जेब से पिस्तौल निकाली और तबीश की छाती पर गोली चला दी थी। परिजनों ने घायल को फोर्टिस अस्पताल में भर्ती कराया। जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस घटना के बाद बिसरख कोतवाली केस दर्ज किया गया।
बचाव पक्ष के वकील ने तर्क दिया कि यह एक दुर्घटनावश घटना थी। धर्मेंद्र के पास लाइसेंसी पिस्तौल थी और विवाद के दौरान जब तबीश ने उसका हाथ पकड़ा तो गलती से गोली चल गई। हालांकि अभियोजन ने कहा कि अगर यह दुर्घटना थी तो आरोपी घटना के बाद मौके से क्यों भाग गया था। न्यायालय ने आरोपी को आईपीसी की धारा 302 (हत्या) के बजाय धारा-304 भाग-2 (ज्ञान के साथ हत्या लेकिन इरादे के बिना) के तहत दोषी पाया। अदालत ने कहा कि लाइसेंसधारी होने के नाते आरोपी को हथियार को संभालने में अधिक सावधानी बरतनी चाहिए थी। दोनों पक्षों के तर्कों पर विचार करते हुए अदालत ने कहा कि घटना पूर्व नियोजित नहीं थी। इस कारण आरोपी को साढ़े 7 साल 6 माह की सजा सुनाई है।