नोएडा। प्राधिकरण के करीब 90 से ज्यादा पार्किंग स्पेस की बुकिंग मोबाइल एप से होगी। प्राधिकरण इसके लिए पार्किंग बुकिंग सिस्टम एप विकसित करा रहा है। माना जा रहा है कि एप से पार्किंग की बुकिंग शुरू हो जाने पर पार्किंग माफिया पर लगाम लगेगा साथ ही राजस्व की चोरी भी रुकेगी।
नोएडा प्राधिकरण के पास पार्किंग ठेकेदारों की निगरानी के लिए बेहतर व्यवस्था नहीं है। इसके अलावा पार्किंग शुल्क को लेकर कई बार शिकायतें आ चुकी हैं। सबसे ज्यादा शिकायतें अवैध पार्किंग की आती हैं। लोगों की ओर से अक्सर शिकायत की जाती है कि जहां पार्किंग नहीं बनाई गई है। वहां के लिए भी वसूली की जाती है। इसके अलावा ठेकेदारों की ओर से प्राधिकरण को दिए जा रहे राजस्व पर भी सवाल उठते रहे हैं। कितनी गाड़ियां पार्किंग में खड़ी हो रही हैं। इसका आंकड़ा फिलहाल उपलब्ध नहीं है। इसके निदान के लिए प्राधिकरण की ओर से एप विकसित कराया जा रहा है।
पार्किंग के लिए एक सेंट्रलाइज्ड सिस्टम विकसित किया जाएगा। ग्राहकों की ओर से जो पेमेंट किया जाएगा वह सीधे प्राधिकरण और ठेकेदार के एस्क्रो अकाउंट में जाएगा, जिससे प्राधिकरण को पूरे राजस्व की प्राप्ति होगी। पार्किंग में प्रवेश और निकास के दौरान इसकी गणना होगी। मैप पर पार्किंग स्पेस दिखेगा। यहां शिकायत दर्ज कराने की सुविधा होगी। जिसकी निगरानी प्राधिकरण अधिकारी करेंगे।
अवैध पार्किंग में नहीं खड़े हो सकेंगे वाहन
एप की खासियत यह होगी कि अगर पार्किंग ठेकेदार तय स्थान के बदले दूसरी जगह पर वाहन खड़ा कराएगा कि इसका नोटिफिकेशन चालक को दिख जाएगा। इससे वह वहां पार्क करने से इंकार कर सकेगा। वहीं पार्किंग ठेकेदार पैसे की अवैध वसूली नहीं कर पाएगा।
ऐसे काम करेगा एप
एप की सुविधा का लाभ लेने के लिए वाहन चालक को मोबाइल से लॉगिन करना होगा। इसके बाद ओटीपी के माध्यम से इसे सुनिश्चित किया जाएगा। इस एप से कई वाहनों को कंट्रोल किया जा सकेगा। इसके वॉलेट में प्रीपेड बैलेंस भी हो सकेगा। पार्किंग से वाहनों के बाहर आने पर अपने आप पैसे कट जाएंगे।
चरणबद्ध तरीके से होगा काम
पहले महीने में एप में सभी पार्किंग स्पेस, वैध पार्किंग, पार्किंग स्पेस आदि की सुविधा शुरू होगी। दूसरे चरण में तीन माह में ऑनलाइन बुकिंग, पेमेंट, कस्टमर मैनेजमेंट, जीओ फेंसिंग, एप फॉर कांट्रेक्टर आदि की तैयारियां होंगी। तीसरे चरण में ऑनलाइन बुकिंग शुरू हो सकेगी।