हादसे के बाद बस से एक यात्री किसी तरह बाहर निकला और पुलिस को सूचना देने के लिए टेलीफोन बूथ तक गया, लेकिन बूथ भी खराब मिला। तब तक किसी यात्री ने पुलिस को सूचना दे दी थी।
नौहझील हादसा दोहराने से बचा
यमुना एक्सप्रेसवे पर बीते 10 दिनों में दूसरा बड़ा हादसा है। इससे पहले नौहझील के पास हादसा हुआ था, जिसमें टैंकर अनियंत्रित होकर दूसरी तरफ की रोड पर आ गया था। हादसे में इनोवा कार से आगरा की तरफ से दिल्ली आ रहे चालक सहित एक ही परिवार के सात लोगों की मौत हो गई थी। इस घटना के बाद यीडा की तरफ से जेपी इंफ्राटेक के आईआरपी के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज करा दी गई थी।
दूसरे तरफ नई गई बस, नहीं तो हो सकता था बड़ा हादसा
शुक्रवार को भी बस अनियंत्रित होने के बाद कई पलटी खाई। गनीमत रही कि बस दूसरी तरफ रोड पर नहीं गई, अन्यथा हादसा बड़ा हो सकता था। क्योंकि घटनास्थल के पास सेंट्रल वर्ज पर क्रैश बैरियर नहीं लगा था।
यमुना एक्सप्रेसवे पर होने वाले हादसों पर एक नजर
| वर्ष |
हादसे |
मौतें |
| 2012 |
275 |
33 |
| 2013 |
896 |
148 |
| 2014 |
771 |
98 |
| 2015 |
919 |
99 |
| 2016 |
1219 |
105 |
| 2017 |
763 |
110 |
| 2018 |
659 |
111 |
| 2019 |
560 |
195 |
| 2020 |
509 |
128 |
| 2021 |
49 |
88 |
नोट: 2021 में जनवरी तक के आंकड़े ।