नोएडा प्राधिकरण की सीईओ रितु माहेश्वरी के किया कई पार्को का दौरा।
नोएडा। प्राधिकरण की सीईओ रितु माहेश्वरी ने बृहस्पतिवार को उद्यान विभाग के पार्कों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान पार्कों के रखरखाव में खामियां पाए जाने पर 21 लाख रुपये का जुर्माना लगाकर तीन ठेकेदारों को काली सूची में डालने का आदेश दिया। इसके अलावा कई संविदाकारों की सेवा समाप्त करने की सिफारिश की गई। सीईओ के निरीक्षण के दौरान सेक्टर-12 के शिमला पार्क की हालत बेहद खराब मिली। यहां सफाई और पेड़ों की छटाई का काम काफी दिनों से नहीं किया गया था।
एक माली झाड़ूू लगाते हुए मिला जबकि यहां सात माली काम करते हैं। सीईओ ने पर्यवेक्षण के लिए जवाबदेह स्टाफ के खिलाफ कार्रवाई करने को कहा और मौके पर कमियों के लिए जिम्मेदार संविदा कर्मियों की सेवा समाप्त करने का आदेश दिया। इसके अलावा सेक्टर-62 के सेंट्रल वर्ज का कार्य संतोषजनक नहीं मिला और ठेकेदार को काली सूची में डालने का आदेश दिया गया। सेक्टर-63 में पार्क संख्या ए-91 के सामने के पार्क में निरीक्षण में कोई भी श्रमिक काम करते हुए नहीं पाया गया। गेट पर कूड़ा बिखरा हुआ मिला। यहां ठेकेदार को काली सूची में डालने का आदेश दिया गया।
सेक्टर-60 के मेघदूतम पार्क में 21 श्रमिक काम करते हुए मिले, लेकिन जगह-जगह घास कटिंग के काम में कमी दिखी। यहां एक शौचालय पूरी तरह से बंद था, जबकि दूसरे का दरवाजा टूटा हुआ मिला। रास्तों पर गंदगी मिली। ऐसे में ठेकेदार पर 5 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया। सेक्टर-46ए व बी ब्लॉक की ग्रीन बेल्ट में सूखे हुए पौधों को बदला नहीं गया है। काम ठीक से नहीं होने पर 6 लाख रुपये का जुर्माना किया गया। सेक्टर-93ए के एक्सप्रेस व्यू पार्क में घास कटिंग, साफ-सफाई का काम पर्याप्त नहीं पाया गया। इस पर सीईओ ने 10 लाख रुपये का जुर्माना लगा दिया। एक्सप्रेसवे हाइवे के बायीं ओर 4 किलोमीटर पर सेक्टर-93बी, 105 व 108 के सामने स्थित ग्रीन बेल्ट में मौके पर कोई भी श्रमिक काम करता हुआ नहीं मिला। यहां भी ठेकेदार को काली सूची में डालने को कहा गया।