एम्स से घर वापसी के लिए
तैयार जग्गा और बलिया
- दिल्ली एम्स में एक वर्ष से भर्ती हैं दोनों जुड़वा भाई
- सिर से जुड़े होने के कारण एम्स में हुई थी दुर्लभ सर्जरी
- दोनों भाईयों के ऑपरेशन में ओडिशा सरकार ने खर्च किए एक करोड़
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। सिर से जुड़े दोनों भाइयों को अलग कर इतिहास रच चुके देश के सबसे बड़े चिकित्सीय संस्थान एम्स से घर वापसी के लिए जग्गा और बलिया तैयार हैं। अगले कुछ दिनों में दोनों भाइयों को एम्स से विदाई मिलेगी। बताया जा रहा है कि बृहस्पतिवार सुबह ओडिशा से डॉक्टरों की एक टीम भी दिल्ली एम्स आ रही है। इन भाइयों के स्वास्थ्य की पूरी जानकारी लेने के बाद इन्हें ओडिशा शिफ्ट किया जाएगा। वहीं, ओडिशा भवन में भी जग्गा और बलिया के लिए बाकायदा अलग से कमरा बुक किया है। सूत्रों के अनुसार ओडिशा सरकार राजधानी ट्रेन से इन दोनों भाइयों को भुवनेश्वर तक लेकर जाएगी। एम्स के डॉक्टरों का कहना है कि दोनों भाइयों के टांके भी निकाल दिए हैं। इसके अलावा उनकी वेन भी डॉक्टरों ने बदल दी है।
एम्स के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि पिछले वर्ष जुलाई माह में ओडिशा से जग्गा और बलिया को एम्स में भर्ती कराया था। इसके बाद अक्तूबर 2017 में दुर्लभ सर्जरी के जरिये इन भाइयों को सिर से अलग किया था। तब से एम्स के प्राइवेट वार्ड में जग्गा और बलिया को रखा गया था। साथ ही वरिष्ठ डॉक्टरों की टीम लगातार इनके स्वास्थ्य की निगरानी कर रही है। हाल ही में एम्स ने जग्गा और बलिया का तीसरा जन्मदिन भी अपने संस्थान में मनाया था। डॉक्टरों की मानें तो दोनों ही बच्चों ने एम्स स्टॉफ के दिल में अहम जगह बना ली है।
- 22 घंटे में 35 डॉक्टरों ने रचा था इतिहास
25 अक्तूबर 2017 की अल सुबह एम्स के करीब 35 वरिष्ठ डॉक्टरों सहित 70 से ज्यादा स्टॉफ ने 22 घंटे तक जग्गा और बलिया का ऑपरेशन कर इतिहास रचा था। सिर से जुड़े होने के कारण दोनों भाइयों को अलग करने से पहले एम्स ने अमेरिका से 3डी मॉडल भी मंगाया था, जिस पर करीब 12 घंटे प्रैक्टिस करने के बाद ही डॉक्टरों ने जग्गा और बलिया को अलग किया था। फिलहाल दोनों ही बच्चों को एम्स ने स्वस्थ घोषित कर दिया है।
- चार डॉक्टरों की टीम आ रही है दिल्ली
सूत्रों के अनुसार ओडिशा सरकार की ओर से चार डॉक्टरों की टीम जग्गा और बलिया को लेने के लिए भुवनेश्वर से रवाना हो चुकी है। बृहस्पतिवार सुबह एम्स पहुंचने के साथ ही आगे की रणनीति पर विचार किया जाएगा। इस दौरान ओडिशा सरकार के कई अधिकारी भी मौजूद रह सकते हैं।