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छात्रसंघ चुनाव : सोशल साइट पर प्रचार प्रसार तेज

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छात्रसंघ चुनाव : सोशल साइट पर प्रचार प्रसार तेज
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गुरुग्राम। 22 वर्ष बाद हो रहे छात्रसंघ चुनाव के लिए सभी छात्र संगठन जुटे हुए हैं। 15 अक्तूबर से पहले होने वाले छात्रसंघ चुनाव को ध्यान में रखते हुए पार्टियों ने ऑनलाइन प्रचार में ताकत झोंक दी है। छात्रसंघ नेताओं ने प्रचार के लिए सोशल मीडिया का दामन थाम लिया है। मैसेज और फोन कॉल से नहीं बल्कि छात्र संगठनों के कार्यकर्ता छात्रों को रिझाने के लिए सोशल नेटवर्किंग साइट्स पर प्रचार करने में जुटे हैं। अपने वादे व एजेंडे के साथ डिजिटल प्रचार में जुटे हैं। पार्टी की गतिविधियों, रैलियों, चुनावी मुद्दों सहित तमाम जरूरी जानकारी सोशल मीडिया के जरिये साझा की जा रही है।
योजनाओं व उपलब्धियों की भी दे रहे जानकारी
चुनाव प्रचार के लिए फेसबुक और ट्विटर जैसी सोशल नेटवर्किंग साइट्स के साथ कार्यकर्ता व्हाट्सऐप और इंस्टाग्राम जैसी सोशल नेटवर्किंग ऐप का सहारा भी ले रहे हैं। सोशल जगत पर न सिर्फ पार्टी की रणनीति के बारे में छात्रों को बताया जा रहा है, बल्कि पार्टी की योजनाओं व उपलब्धियों की जानकारी भी मुहैया कराई जा रही है।
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तीनों पार्टियों में टक्कर
हरियाणा में तीन महत्वपूर्ण पार्टियों के छात्र संगठन आपस में टक्कर देने में जुटे हैं। इनमें मुख्य रूप से एबीवीपी और एनएसयूआई चुनावों में एक दूसरे को टक्कर देने वाली दो अहम पार्टियां हैं। एबीवीपी की ओर से एबीवीपी गुरुग्राम., एबीवीपी वाइस जैसे पेज देखने को मिल रहे हैं। वहीं एनएसयूआई की तरफ से एनएसयूआई गुरुग्राम जैसे वेबपेज बनाए गए हैं। एबीवीपी के छात्र नेता परिजात पांडेय ने बताया कि सोशल साइट्स पर काफी युवा जुड़ रहे हैं। एबीवीपी वाइस पर 600, इंस्टाग्राम पर 34 हजार, ट्विटर पर 90 हजार, फेसबुक पर 65 हजार और एबीवीपी गुरुग्राम पर 17 हजार फॉलोवर बन चुके हैं। वहीं इनसो के मोहित तंवर ने बताया कि सोशल नेटवर्किग साइट्स और सोशल ऐप प्रचार का बेहतरीन जरिया बनी हैं। एनएसयूआई के शैंकी सैनी ने कहा कि नए छात्रों को मैसेज के साथ ही ट्विटर, फेसबुक और व्हाट्सएप से भी जोड़ा जा रहा है।
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