छापेमारी के दौरान एनआईए की टीम।
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क्षेत्र के गांव अठसैनी में सोमवार को एनआईए की टीम पहुंची। टीम एक ग्रामीण से पूछताछ के बाद लौट गई। इससे पहले भी जनवरी 2019 में क्षेत्र के दो गांवों में एनआईए की टीम ने दबिश देकर तीन लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की थी। उस समय हरकत उल हर्ब ए इस्लाम संगठन से इन लोगों के तार जुड़ने की आशंका जताई गई थी।
गढ़ कोतवाली क्षेत्र के गांव अठसैनी में एनआईए की टीम आरिफ कमाल के घर पहुंची, जहां करीब डेढ़ घंटे की पूछताछ के बाद टीम के सदस्य लौट गए। जानकारी के अनुसार टीम ने आरिफ से उसके बेटे शहजाद के बारे में पूछताछ की, जो वर्तमान में सऊदी अरब में रहकर नौकरी कर रहा है। कार्यवाहक कोतवाली प्रभारी केपी सिंह का कहना है कि टीम में दो कर्मचारी शामिल थे। जो ग्रामीण से पूछताछ कर वापस लौट गए।
दिसंबर 2018 में एनआईए की टीम ने आतंकी संगठन आईएसआईएस माड्यूल की तर्ज पर बने हरकत उल हर्ब ए इस्लाम संगठन का भंडाफोड़ करते हुए दस लोगों को हथियारों के साथ गिरफ्तार किया था। एनआईए ने जनपद बुलंदशहर से हबीब को हिरासत में लिया था। जिसके बाद गढ़ क्षेत्र के गांव वैठ से बक्सर मस्जिद के इमाम साकिब और अमरोहा के मुफ्ती सुहेल को गिरफ्तार किया गया था।
जिसके बाद फिर 16 जनवरी 2019 की रात एनआईए की टीम ने क्षेत्र के गांव अठसैनी और बदरखा में दबिश दी। अठसैनी से अफसार और आरिफ कमाल व बदरखा से संजीद को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। तीनों लोगों से एनआईए की टीम एक लैपटॉप और तीनों के मोबाइल फोन कब्जे में लेकर अपने साथ ले गई थी।
आतंकी संगठन से जुड़े होने की चर्चा बनी रही
एनआईए की टीम की गांव अठसैनी में सोमवार को दबिश के बाद क्षेत्र के लोगों की पुरानी याद ताजा हो गई। जिसे लेकर क्षेत्र के लोगों में दिन भर आतंकी संगठन हरकत उल हर्ब ए इस्लाम से शहजाद समेत अन्य युवकों के संबंध होने की चर्चा बनी रही। हालांकि शहजाद के परिजनों का कहना है कि वह काफी समय से सऊदी अरब में रहकर नौकरी कर रहा है। वहीं गांव में पहुंची टीम ने सोमवार को न तो किसी को हिरासत में लिया और ना ही कोई सामान लेकर अपने साथ गई है।