इंडियन मुजाहिदीन (आईएम) के कथित आतंकी तेहसीन अख्तर व जिया उर रहमान हिरासत में होने के दौरान भी पाकिस्तान में बैठे सरगनाओं की मदद से देश में धमाकों की साजिश रच रहे हैं। यह बयान शुक्रवार को राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने विशेष अदालत में सुनवाई के दौरान दिया।
पटियाला हाउस अदालत के जिला न्यायाधीश आईएस मेहता के समक्ष एनआईए ने कहा कि इन आतंकियों को नेपाल व यूएई से आर्थिक सहायता मिलती है।
आरोपियों के खिलाफ साक्ष्य उपलब्ध कराने के लिए इन देशों में अधिकारियों से संपर्क कर लेटर ऑफ रोगेटरी (एलआर) जारी किए गए हैं। शुक्रवार को दोनों को एनआईए कोर्ट में पेश किया जहां से उन्हें 14 अगस्त तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।