करीब दो घंटे तक जब कुश का कुछ पता नहीं चला तो माता-पिता के साथ सेक्टर के करीब 200 से अधिक लोगों ने बच्चे को ढूंढना शुरू कर दिया। इसके बाद गली में लगे सीसीटीवी कैमरों को चेक करने पर पता चला कि बच्चा साइकिल पर 6 बजकर 25 मिनट पर आरोपी के घर से कुछ मकान तक दिखाई दिया। जिसके बाद लोगों ने कैमरे के आधार पर आगे के मकानों की जांच शुरू कर दी। इस दौरान आरोपी विशाल भी बच्चे को ढूंढने के लिए मदद कर रहा था।
करीब 10 बजे आरोपी अपने घर का ताला लगाकर सोने के लिए चला गया, लेकिन लोगों ने तलाशी जारी रखी। देर रात जब लोगों ने दरवाजा खोलने के लिए गेट को बजाया तो उसने नहीं खोला। इसके बाद दूसरे पड़ोसी की छत से जाकर जांच की तो बच्चे कुश की साइकिल आरोपी विशाल की छत पर मिली। पड़ोसियों ने विशाल पर बच्चे के अपहरण का शक जताया और विशाल को पकड़ कर पुलिस के हवाले कर दिया।
पड़ोसियों ने आरोपी विशाल को 14 जून की रात दो बजे पुलिस के हवाले कर दिया था। इसके बाद पुलिस ने पूछताछ की लेकिन उसने कुछ नहीं बताया। पुलिस ने जब थर्ड डिग्री का इस्तेमाल किया तो आरोपी ने बताया कि उसने बच्चे को मार दिया है। 14 जून की शाम को पुलिस ने आरोपी विशाल की निशानदेही पर बच्चे के शव को बरामद कर लिया। आरोपी ने बताया कि कुश का फिरौती मांगने के लिए अपहरण किया था। आरोपी ने कुश को मीठी गोली के नाम पर नशे की गोलियां खिला दी थी। इससे पहले कि आरोपी फिरौती की मांग करता, नशे की गोलियों की अधिक मात्रा के कारण कुश की मृत्यु हो गई थी।
सेक्टरवासियों ने बताया कि बच्चे का घर दुकान से मात्र 40 मीटर की दूरी पर है। वह पहले अपनी दुकान पर पापा के पास था, लेकिन उसके बाद पड़ोस की दुकान से बर्फ लेने के बाद घर आ रहा था। शाम 6 बजे के बाद सेक्टर के सभी लोग सड़कों पर घरों के बाहर घूमते है। बच्चा कुश आरोपी विशाल को अच्छे से जानता था तो वह उसके साथ आसानी से चला गया। घर पर ले जाने के बाद उसको बेहोश करने के लिए नशीले इंजेक्शन दिए गए, ताकि बच्चा शोर न मचा सकें। सीसीटीवी कैमरे में बच्चा शाम के 6 बजकर 25 मिनट तक दिखाई दे रहा है, उसके बाद अचानक से गायब हो गया। उसी शक पर आरोपी पकड़ा गया।
बच्चे का शव मिलने के बाद सेक्टरवासियों ने सुबह साढ़े आइ बजे मोहना रोड पर स्थित आदर्श नगर थाने के सामने जाम लगा दिया। यह जाम दोपहर के बाहर बजे तक लगा। जाम लगने की वजह से उस सड़क से गुजरने वाले वालों को दूसरे रास्ते का प्रयोग करना पड़ा। लोगों ने नारेबाजी करते हुए कहा कि पुलिस ने तीन आरोपियों में से दो आरोपियों को छोड़ दिया है। इसलिए वह बच्चे को इंसाफ दिलाने के लिए जाम किया। जाम व काई अप्रिया घटना घटित ना हो जाए ,उसे देखते हुए दूसरे थानों से पुलिस कर्मियों को बुलाया गया।
थाना आदर्श नगर प्रभारी कुलदीप कुमार ने बताया कि पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करवाने के बाद परिजनों को सौंप दिया है। पुलिस ने आरोपी विशाल को गिरफ्तार कर अदालत में पेश कर दो दिन की रिमांड पर ले लिया गया है। वारदात में प्रयोग की गाड़ी को बरामद कर लिया गया है। वहीं परिवार वालों की ओर से एक शिकायत ओर दी गई है जिसमें आरोपी विशाल के बड़े भाई, पिता, बहनोई और मां का नाम भी लिखवाया है।