'पुरानी सरकार ने सिस्टम में काफी गड्ढे दिए हैं, जिन्हें भरने में समय लगेगा। बदलाव की शुरुआत हो चुकी है। क्राइम इसलिए बढ़ता दिख रहा है क्योंकि अब हर व्यक्ति की रिपोर्ट दर्ज हो रही है। हमारा मकसद अपराधियों को सलाखों के पीछे डालना है, जब वह जेल में होंगे तो व्यवस्थाएं बेहतर होती चली जाएंगी।' यह बातें प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अमर उजाला संवाददाता से विशेष बातचीत में कहीं।
बृहस्पतिवार को सीएम गाजियाबाद में कैलाश मानसरोवर भवन के शिलान्यास व समीक्षा बैठक करने पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने कानून व्यवस्था से लेकर विकास जैसे मुद्दे पर बेबाकी से अपनी बात रखी। पेश है सीएम योगी के इंटरव्यू के मुख्य अंश...
प्रदेश में अपराध बढ़ रहा है। चेन स्नैचिंग व लूटपाट की वारदात लगातार हो रही हैं। लोग अब अच्छे दिन वाली सरकार पर ही सवाल उठा रहे हैं?
मौजूदा सरकार के बारे में तो कम से कम ऐसा नहीं कहा जा सकता। यह अपराधी, माफिया और गुंड्डों की सरकार नहीं है। यह आम व गरीब आदमी की सरकार है। प्रदेश भर में हर छोटे - बड़े मामले की एफआईआर दर्ज हो रही है। अधिकारियों को निर्देश है कि हर शिकायत की सुनवाई हो, न्याय व्यवस्था जवाबदेह हो रही है। इसलिए लग रहा है कि यूपी में अपराध बढ़ रहा है, लेकिन जब सभी अपराधी सलाखों (जेल) के पीछे होंगे तो हालात खुद ही सुधरेंगे।
सरकार को पांच महीने हो चुके हैं। आखिरकार कानून व्यवस्था की स्थिति कब तक बेहतर होने की उम्मीद की जा सकती है?
अभी सरकार शिशु अवस्था (पांच महीने हुए हैं) में है, थोड़ा वक्त दीजिए। आप बस देखते जाइये.. यूपी में न क्राइम रहेगा और न करप्शन। भ्रष्ट व कामचोर लोगों को सिस्टम से बाहर किया जा रहा है। अपराधियों को बख्शा नहीं जाएगा। उत्तर को उत्तम प्रदेश बना देंगे, जहां पर भयमुक्त माहौल होगा। स्वच्छ प्रशासन, स्वच्छ शासन के चलते सरकारी काम पारदर्शिता से हो रहे हैं और प्रत्येक अधिकारी की जवाबदेही तय कर दी गई है। सरकार जनता के द्वार है, देखिए लंबे समय से माहौल खराब था, किसी भी सिस्टम को सुधारने में समय लगता है हमें भी थोड़ा समय चाहिए।
सरकार बनने के बाद एंटी भूमाफिया अभियान व एंटी रोमियो जैसे अभियान बड़े तेजी से चले लेकिन अब अभियान को लेकर कोशिशें थम सी गई लगती हैं?
यह कहना ठीक नहीं है, हर अभियान पर काम हो रहा है। हां यह जरूर है कि कुछ चीजों को समय व परिस्थिति के हिसाब से चलाया जाता है। लिहाजा हमें बदलाव तुरंत नहीं दिखते, महिला सुरक्षा हमारी प्राथमिकताओं में है। स्मार्ट पुलिसिंग कर रहे हैं, जिससे महिलाओं को सुरक्षा का वातावरण मिल सकेगा। सिस्ट्म ऐसे काम कर रहा है कि महिला जैसे ही पुलिस को संपर्क करती है उन्हें मदद मिल रही है। आप चेक करके देखें।
इसके अलावा अब तय है कि जिन्होंने सरकारी जमीनें कब्जा कर रखी हैं उन्हें जमीनें खाली करनी होंगी। माफियाराज से जनता को मुक्त कराना है। इसके लिए महीने में एक बार स्वयं हर अभियान की समीक्षा कर रहा हूं। यहां तक कि जन शिकायतों तक की समीक्षा कर रहा हूं ताकि आम आदमी को दफ्तरों के धक्के न खाने पड़ें।