एसएस-2023 का टूलकिट बेहतर डिजाइन
एमसीडी के पूर्व अधीक्षण अभियंता और स्वच्छ भारत मिशन के नोडल अधिकारी रहे राजीव कुमार जैन ने बताया कि स्वच्छ सर्वेक्षण 2023 की टूल किट के संकेतकों में सूखे और गीले कचरे के पृथक्करण, प्रसंस्करण सहित सभी पहलुओं को शामिल किया गया है। इसमें शहर में स्वच्छता सुनिश्चित करने की योजना को अच्छी तरह से डिजाइन किया गया है। इसमें प्लास्टिक कचरा, आवासीय क्षेत्रों, सार्वजनिक क्षेत्रों, वाणिज्यिक क्षेत्रों में सफाई, नालियों की सफाई, पिछली गलियों की सफाई, हमारे स्वतंत्रता सेनानियों के नाम पर पार्कों, स्मारकों के नाम, नागरिकों की भागीदारी, जागरूकता फैलाना, शौचालयों का रखरखाव, शून्य अपशिष्ट जैसी जरूरी गतिविधियों को शामिल किया गया है।
एसएस-2023 में बैकलेन की सफाई पर 120 अंक
- एसएस-2023 के लिए कुल 300 अंक तय हैं। नगर निगमों के स्वच्छता प्रदर्शन के आधार पर अंक दिए जाएंगे।
- औद्योगिक और सार्वजनिक जगहों की दो बार सफाई, एक बार दिन में एक बार रात में (30 अंक)
- सभी रिहायशी स्थानों की दिन में एक बार सफाई (30 अंक)
- बैक लेन की सफाई, जल जमाव न हो, नाले जाम न हों, सूखा कचरा न जमा हो (120 अंक)
- हर वार्ड में 100 लीटर क्षमता के कूड़ेदानों की सफाई, खाली प्लॉटों से मलबा हटाना, कचरा न जलाया जाना (20 अंक)
- पूरी दिल्ली में शून्य अपशिष्ट सुनिश्चित करना (20 अंक)
- औद्योगिक और रिहायशी क्षेत्रों में पान मसाला खाकर थूके गए क्षेत्र न हों (80 अंक)