पति के घर में शौचालय नहीं होने से नाराज एक विवाहिता अपने मायके आ गई। काफी मान मनौव्वल के बाद भी जब विवाहिता ससुराल जाने के लिए राजी नहीं हुई तो पति ने पंचायत का सहारा लिया।
महिला ने खुली पंचायत में यह स्पष्ट कर दिया कि शौचालय बनने के बाद ही वह पति के घर जाएगी। पति ने सात दिन के भीतर शौचालय बनवाने की बात कही है।
कोतवाली देहात क्षेत्र के गांव गंगेरुआ निवासी मीनाक्षी पुत्री नानक की शादी गाजियाबाद के गांव डूडाहेड़ा निवासी मुकेश के साथ करीब चार साल पहले हुई थी। मुकेश पहले संयुक्त परिवार में रहता था।
पिछले माह बंटवारा होने के कारण शौचालय दूसरे भाई के हिस्से में चला गया। इसके बाद मीनाक्षी को खुले में शौच करने के लिए मजबूर होना पड़ा। इससे नाराज होकर मीनाक्षी अपने मायके आ गई।