मोबाइल से कानों में लीड लगाकर गाने सुनते या बात करने के कारण बड़ी संख्या में हादसे हो जाते हैं। रविवार दोपहर भी मामूरा में गारमेंट कंपनी में काम कर लौट रहे दोनों युवकों के कानों में मोबाइल की लीड लगी मिली थी।
पैदल सड़क पार करते समय, बाइक या कार पर चलते समय लोग या तो गाने सुनते हैं या बात करते निकलते हैं। थोड़ी देर की मौज-मस्ती में अक्सर बड़े हादसे हो जाते हैं। रविवार दोपहर को भी सेक्टर-51 स्थित होशियारपुर बाजार में हुए सड़क हादसे में भी लगभग कुछ ऐसा ही हुआ।
थाना सेक्टर-49 के एसओ ने बताया कि दोनों युवकों ने अपने-अपने मोबाइल से जुड़ी लीड कानों में लगा रखी थी। इस दौरान अक्सर आगे-पीछे चल रहे वाहनों के बारे में आभास या जानकारी न हो पाने से हादसा हो जाता है। शहबाज खान नोएडा के मामूरा में रामकुमार की गारमेंट कंपनी में कारीगर था।
रामकुमार ने बताया कि शहबाज दिल्ली के शाहीनबाग में परिवार समेत रहता था। जबकि मांगेराम भंगेल में किराए पर रहता था और हॉजरी कांप्लेक्स एरिया में एक गारमेंट कंपनी में काम करता था। दोनों युवक रविवार की सुबह बाइक से मामूरा में रामकुमार की गारमेंट कंपनी में आए थे। यहां पर कुछ घंटे काम करने के बाद शहबाज अपनी स्प्लेंडर बाइक पर मांगेराम को साथ लेकर शाहीन बाग के लिए चला था।
अस्पताल पहुंचे मांगेराम के एक रिश्तेदार ने बताया कि मांगेराम अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। कुछ समय पहले उसके पिता की मौत हो गई थी। उसकी तीन बहनें हैं। परिजन मांगेराम की शादी के लिए रिश्ते तलाश रहे थे।