साथ ही पूछा है कि पीसीआर कॉल और पुलिस को घटना स्थल पर पहुंचने में कितना समय लगा। इसके साथ ही तीन घंटे के दौरान टैक्सी किस रास्ते पर चली इसका रुप मैप व इस रास्ते पर तैनात पुलिस पिकेटचेकिंग पॉइंट पीसीआर स्टेशन की जानकारी मांगी है।
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आयोग ने मीडिया रिपोर्ट पर स्वत: संज्ञान लेते हुए यह कार्यवाही की है। मीडिया खबरों के मुताबिक छात्रा ने अपने हॉस्टल जाने के लिए जो कैब ली उसी के ड्राइवर ने नशीला पदार्थ खिलाकर दुष्कर्म किया। इस दौरान ड्राइवर लगभग 3 घंटे तक गाड़ी घुमाता रहा। फिर लड़की को बेहोशी की हालत में एक पार्क में फेंक दिया।
स्थानीय लोगों ने लड़की को बेहोशी की हालत में पार्क में पड़ा हुआ पाया। आयोग का कहना है कि यह काफी स्तब्ध करने वाली घटना है। चलती टैक्सी में तीन घंटे तक लड़की के साथ दुष्कर्म किया गया। पुलिस के सड़कों पर रहते हुए इस तरह की घटना कैसे हो गई। इस मामले में सख्त कार्यवाही होनी चाहिए।