आम आदमी पार्टी (आप) की सरकार अपने चुनावी वादों पर खरा उतरने की पूरी कोशिश कर रही है। सोमवार को पहली कैबिनेट बैठक में लिए गए फैसले इसी रणनीति का हिस्सा हैं। आप सरकार की नजर अब जनलोकपाल बिल पर है। सूत्र बताते हैं कि पहले विधान सभा सत्र में बिल सदन में पेश किया जा सकता है। इसके बाद गेंद केंद्र सरकार के पाले में डाल दी जाएगी।
दरअसल, जनलोकपाल बिल ‘आप’ सरकार के लिए बड़ा मुद्दा है। पिछली बार इसी मुद्दे को ढाल बनाते हुए अल्पमत की आप सरकार ने इस्तीफा दे दिया था। इस बार भी 70 बिंदुओं के चुनावी एजेंडे में सबसे ऊपर जनलोकपाल बिल को रखा गया है। आप सरकार ने अधिकारियों को सौंपी गई लिस्ट में दस दिन के भीतर ब्लू प्रिंट तैयार करने का आदेश दिया है।