अनाजमंडी की अवैध फैक्टरी में जलकर 45 लोगों की मौत मामले में उत्तरी दिल्ली नगर निगम की जांच रिपोर्ट अभी तक नहीं आई है। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए निगमायुक्त वर्षा जोशी ने इस घटना के लिए जिम्मेदार लोगों का पता लगाने के लिए 15 दिन में मामले की जांच के निर्देश दिए थे, लेकिन अब लगभग इस घटना को एक महीना बीत चुका है, फिर भी घटना के लिए जिम्मेदार अधिकारियों का पता ही लगाया जा सका है।
गत 8 दिसंबर 2019 को अनाजमंडी इलाके में तड़के एक चार मंजिला इमारत में अचानक आग लग गई थी। इस आग में जलकर फैक्टरी में फंसे 45 लोगों की मौत हो गई थी। इस चार मंजिला इमारत की हर मंजिल पर अगल-अलग तरह की गई फैक्टियां चल रहीं थीं, जिनमें से किसी का लाइसे स नहीं था। इस फैक्टरी में आग की घटना के बाद खुलासा हुआ कि यहां पर चल रही सभी फैक्टरियां अवैध थीं, लेकिन फिर भी निगम के अधिकारियोस ने इन फैक्टरियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की थी।
घटना की गंभीरता को देने हुए निगमायुक्त वर्षा जोशी ने कहा था इस फैक्टरी को भी सील किया जाना था, लेकिन जब निगम अधिकारी नोटिस देने के लिए पहुंचा था तो फैक्टरी बंद मिली थी। इस घटना की जांच के लिए उन्होंने 15 दिनों में जांच रिपोर्ट तैयार करने का दावा क या था, लेकिन अब लगभग एक महीना बीत चुका है, लेकिन अवैध फैक्टरी में हुए हादसे के लिए जिम्मेदार अधिकारियों का कुछ पता नहीं लग सका है। अब इस मामले की जांच रिपोर्ट को लेकर निमायुक्त की ओर से भी कोई बयान नहीं मिल रहा है।