शाहदरा जिले के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि शाहदरा थाने में ही तीसरी मंजिल पर जिले साइबर थाना मौजूद है। बुधवार दोपहर को साइबर थाने का स्टाफ अपने-अपने कामों में लगा हुआ था। अचानक दोपहर करीब 1.00 बजे आरोपी भरत पटेल वहां पहुंचा। इस बीच हवलदार दीपक एक शिकायतकर्ता की बात सुन रहा था। बाकी महिला स्टाफ भी दूसरे शिकायतकर्ताओं के साथ मौजूद था। भरत ने वहां पहुंचते ही मोबाइल निकलकर वीडियो बनाना शुरू कर दिया। वह नशे की हालत में भी लग रहा था।
दीपक ने जब उससे बातचीत करने का प्रयास किया तो आरोपी पुलिस स्टाफ के लिए गाली-गलौज करने लगा। दीपक (34) ने उसे पकड़ने का प्रयास किया तो अचानक आरोपी एक बड़ा किचन वाला चाकू निकालकर उस पर हमला कर दिया। दीपक को तीन जगह चाकू लगा। वहां मौजूद सिपाही अमित (32) को भी आरोपी ने चाकू मार दिया। दोनों को चाकू मारने के बाद आरोपी जीने की ओर भागा। वहां जीने की ओर मौजूद होमगार्ड रवि वर्मा (31) व मनीष (27) ने भी आरोपी को पकड़ने का प्रयास किया तो आरोपी ने उन पर भी चाकू से हमला कर दिया।
शोर मचा तो नीचे शाहदरा थाने में तैनात हवलदार सुनील व सिपाही नरेश ने भी भरत को पकड़ने का प्रयास किया। आरोपी ने सीधे चाकू सुनील के सीने में घोंप दिया। नरेश के भी गई जगह चाकू लगे। इसके बाद भी वह काबू में नहीं आया तो थाने का गेट बंद कर दिया गया। आरोपी ने खुद की गर्दन पर चाकू रखकर हल्का कट भी लगा लिया। इसके बाद आरोपी ने कई बार अपना सिर दीवार में मारा, जिससे उसके सिर से खून बहने लगा। इसके बाद उसे चाकू समेत पकड़ लिया गया।
फौरन थाने में मौजूद वाहनों की मदद से घायलों को अस्पताल ले जाया गया। जहां मनीष, नरेश और आरोपी भरत को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। बाकी का इलाज जारी है। सुनील की हालत बेहद नाजुक बताई जा रही है। जांच के दौरान पुलिस को पता चला है कि आरोपी भरत अपने भाई व बहन के साथ बलबीर नगर शाहदरा में रहता है। इसके माता-पिता की मौत हो चुकी है। इसके खिलाफ पहले से कई मामले दर्ज हैं। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर हमले का कारण पूछ रही है। हालांकि आशंका व्यक्त की जा रही है कि आरोपी ने सनक की वजह से वारदात को अंजाम दिया।