पंजाब के करीब 30 गांव आज भी ऐसे हैं जहां बेटे और बेटियों की शादी से पहले कैंसर और हेपेटाइटिस की रिपोर्ट देखी जाती है। रिपोर्ट निगेटिव होने के बाद ही रिश्ता पक्का होता है। कई लोग तो ऐसे हैं जिनकी बीमारियों के चलते शादी नहीं हो पाई है। लोग इन गांवों से वैवाहिक रिश्ता जोड़ने से डरते हैं। लोग वर्षों से बहिष्कार झेल रहे हैं। बठिंडा जिले के स्थानीय लोग बताते हैं तलवंडी तहसील में आने वाले जज्वल गांव की स्थिति बेहद चिंताजनक है।
इन गांवों के लोग भी झेल रहे हैं परेशानी
गालियाना, मलकाना, संगत, फुल्लोखारी, कनकवाल, त्योणा, रामसरा, चुघे खुर्द, जय सिंह वाला, मियां, बलुआना और अन्य।
मवेशी भी हो रहे बीमार
ग्रामीणों के मुताबिक दूषित पानी और हवा की वजह से इंसान ही नहीं जानवर भी बीमार हो रहे हैं। गाय और भैंस दूध नहीं दे रहे हैं। यह दिक्कत पिछले कई वर्षों से आ रही है। लोग रिफाइनरी हटाने के लिए वर्षों से आंदोलन भी कर रहे हैं लेकिन अभी तक इसको लेकर कोई भी फैसला नहीं हो सका है। लोगों को आशंका है कि आने वाली पीढ़ियों पर भी इसका बुरा असर होगा।