नोएडा में बिजली चोरों के खिलाफ सख्ती से कार्रवाई करने की तैयारियां पूरी कर ली गई है। अगले सप्ताह से शुरू होने वाली छापेमारी का खाका खींच लिया गया है। निगम ने ग्रामीण क्षेत्रों में 23,700 हजार उपभोक्ताओं को चिह्नित किया है, जो अवैध रूप से बिजली का इस्तेमाल कर रहे हैं। वहीं, शहरी क्षेत्र में यह आंकड़ा काफी कम है। बिजली चोरों के खिलाफ सीधे एफआईआर दर्ज कर जुर्माना और जेल भेजने तक का प्रावधान लागू किया जाएगा।
प्रदेश के मुख्य सचिव का आदेश मिलने के साथ ही विद्युत निगम ने बिजली चोरी रोको अभियान के लिए कमर कस ली है। शनिवार को संबंधित अधिकारियों के साथ बैठक कर डाटा तैयार किया गया। पश्चिमांचल विद्युत निगम के अधीक्षण अभियंता अरविंद राजवेदी ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में 1,08,000 घर हैं।
इसमें 84,300 घरों में कनेक्शन लिया गया है। शेष 23,700 घरों में अवैध रूप से बिजली जलाई जा रही है। उधर, शहरी क्षेत्रों में घरों की संख्या 1,59,000 है, जबकि कनेक्शन 1,26,000 घरों में है। घरों की संख्या में बहुमंजिला इमारतें भी हैं। ग्रुप हाउसिंग सोसाइटी में कई फ्लैट हैं, जबकि कनेक्शन सिर्फ एक दिया गया है। ऐसे में सर्वे कर शहरी क्षेत्र का आंकड़ा निकाला जाएगा।
अभियान के लिए छह टीमें गठित
अभियान के लिए छह टीमें बनाई गई हैं। इसमें छह अधिकारी अधिशासी अभियंता, जबकि 14 अफसर ओएसडी स्तर के होंगे। एसएसपी के साथ हुई बैठक में अलग-अलग टीमों के साथ विभिन्न थानों की पुलिस की भी तैनाती की गई है, जो छापेमारी में सहयोग करेंगे।