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बिजनेसमैन बताएंगे कैसे साकार होगा हैपनिंग हरियाणा का सपना

Fri, 15 Jul 2016 01:22 AM IST
यशलोक सिंह/अमर उजाला, गुड़गांव
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Happening haryana
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हैपनिंग हरियाणा ग्लोबल इन्वेस्टर समिट के दौरान प्रदेश में निवेश प्रस्तावों की जो झड़ी लगी थी उसका असर अभी जमीन पर नहीं दिख रहा है। यह बात हरियाणा सरकार को काफी परेशान कर रही है। यही कारण है कि सरकार मौजूदा उद्योगों और उद्यमियों से लगातार अपना संपर्क बढ़ाती जा रही है। उधर उद्यमियों का दावा है कि अगर हमारे सुझाव पर सरकार अमल करे तो हैपनिंग हरियाणा का सपना साकार हो सकता है।
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गौरतलब हो कि गुड़गांव प्रदेश का सबसे बड़ा औद्योगिक हब है। यहां देश का सबसे बड़ा ऑटोमोबाइल हब है। इसके अलावा यहां आईटी, कॉरपोरेट और गारमेंट इंडस्ट्री भी काफी बड़े दायरे वाली है। यही कारण है कि हैपनिंग हरियाणा के दौरान देश-विदेश के इन्वेस्टरों ने सबसे अधिक भरोसा गुड़गांव पर जताया था।

इससे सहज अनुमान लगाया जा सकता है कि अगर यहां पर निवेशक नहीं आ रहे हैं तो प्रदेश के अन्य भागों के बारे में उनकी राय क्या होगी। शनिवार को गुड़गांव के उद्यमियों को दिल्ली स्थित हरियाणा भवन और मानेसर में सरकार द्वारा आमंत्रित किया जा रहा है। इस बैठक में उद्योग एवं वाणिज्य विभाग मुख्य सचिव देवेंद्र सिंह व एचएसआईआईडीसी के एमडी सुधीर राजपाल मौजूद रहेंगे।
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हरियाणा इंडस्ट्रियल एसोसिएशन के चेयरमैन किशन कपूर का कहना है कि मौजूदा इंडस्ट्री सरकार की ब्रांड एंबेसडर होती है। अगर वह खुश नहीं हैं तो उसका संदेश देश-विदेश के अन्य निवेशकों में बेहतर नहीं जाता। यही कारण है कि सरकार को उद्यमियों की सलाह लेनी चाहिए। कपूर ने कहा कि सरकार उद्यमियों की बातें सुनेगी यह अच्छी बात है। मगर पहले भी उद्यमियों के साथ कई बार वह मीटिंग कर चुकी है। मगर उद्योग नीति और एस्टेट मैनेजमेंट प्रक्रिया (ईएमपी) में उद्यमियों की सलाह को नजरअंदाज किया गया है।

बैठक में रखे जाएंगे ये बिंदु 
-खेड़ीदौला टोल प्लाजा हटाया जाए
-मानेसर और उद्योग विहार तक मेट्रो का हो विस्तार
-एस्टेट मैनेजमेंट प्रोसीजर का सरलीकरण उद्योग हित में किया जाए
-एफएआर की फीस में कमी की जाए
-औद्योगिक क्षेत्र में जल संरक्षण के लिए रेन वॉटर हार्वेस्टिंग
-औद्योगिक क्षेत्र में सरकारी अस्पताल
-आईएमटी क्षेत्र में डीएचबीवीएन का कार्यालय हो
-औद्योगिक क्षेत्र में जरूरी कामों के लिए शेड बनाने की अनुमति मिले
-आईएमटी चौक पर पैदल चलने वालों के लिए बने अंडर ब्रिज
-मानेसर में फायर स्टेशन बनाया जाए
-औद्योगिक क्षेत्रों की सुरक्षा को लेकर बरती जाए गंभीरता
-इंडस्ट्रियल प्लॉट में वेयर हाउस को मान्यता दी जाए
-न्यूनतम कंस्ट्रक्शन मामले में ईएमपी के प्रावधान में बदलाव करे सरकार
-औद्योगिक क्षेत्र में दोहरी कर प्रणालियों से दिलाई जाए मुक्ति
-श्रम विभाग के स्टैंडिंग ऑर्डर की बांधा को भी किया जाए दूर
-विभिन्न विभागों की अड़चनों को किया जाए दूर
-इंडस्ट्री को कॉमर्शियल नोटिस ,भेजना बंद हो
-सिटी बस सर्विस का विस्तार औद्योगिक क्षेत्र में किया जाए
-महिला कर्मियों के लिए मानेसर और उद्योग विहार में वर्किंग वुमेन हॉस्टल बनाया जाए
-चेक डैम बनाया जाए जिससे आईएमटी क्षेत्र में जलभराव नहीं हो
-इंडस्ट्रियल क्षेत्र में गारवेज डंपिंग का हो ठोस इंतजाम
-वेस्टर्न पेरीफेरल रोड का काम जल्द से जल्द हो पूरा
-इंस्पेक्टर राज से छुटकारा दिलाने का ठोस इंतजाम
-समय-समय पर औद्योगिक प्रावधानों पर उद्यमियों से ली जाए राय
-जो नियम इंडस्ट्री के अनुकूल नहीं हों उसे समय-समय पर बदला जाए

क्या कहना है उद्यमियों का..
आईएमटी इंडस्ट्रियल एसोसिएशन की एनुअल जनरल मीटिंग में मुख्य सचिव उद्योग एवं वाणिज्य विभाग हरियाणा देवेंद्र सिंह व एचएसआईआईडीसी के एमडी सुधीर राजपाल के समक्ष उद्योगों के 25 से अधिक मुद्दों को उठाया जाएगा। अगर इन पर अलम किया जाए तो हैपनिंग हरियाणा का मकसद सफल हो जाएगा।
मनोज त्यागी, महासचिव आईएमटी इंडस्ट्रियल एसोसिएशन
 
हैपनिंग हरियाणा के दौरान निवेश प्रस्तावों को अमल में लाने के लिए सिर्फ कानून बनाना जरूरी नहीं है। इसके लिए अधिकारियों को अपनी सोच बदलने की भी जरूरत है। यह सोच इंडस्ट्री को बचाने और बढ़ाने वाली होनी चाहिए। अधिकारियों के साथ बैठक में इससे जुड़े मुद्दों को उठाया जाएगा। एसके आहूजा, महासचिव गुड़गांव चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज

सरकार और उद्यमियों के बीच कम्युनिकेशन गैप नहीं होना चाहिए। आने वाली बैठक में सरकारी प्रतिनिधियों के समक्ष उद्योगों से जुड़ी जरूरतों और समस्याओं से उन्हें अवगत कराया जाएगा। जिन्हें पूरा कर हैपनिंग हरियाणा के मकसद को अमलीजामा पहनाया जा सकता है।
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परवीन यादव, अध्यक्ष गुड़गांव उद्योग एसोसिएशन
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