शहर में होली का असर दिखाना शुरू हो गया है। हर कोई अपने-अपने अंदाज में होली मनाने की तैयारी कर रहे हैं, लेकिन होली के पहले एक पारंपरिक तैयारी भी होती है।
इसमें एक परिवार ही नहीं बल्कि सभी मोहल्ले और कॉलोनियों के लोग मिलजुल कर एक साथ तैयारी करते हैं। चौक-चौराहों और मोहल्लों में होलिका दहन की लकड़ियां जुटाई जा रही हैं।
वहीं महिलाएं घर की छत पर गोबर की गुलरियां बनाने में जुटी हुई हैं। इस बारे में लोगों का कहना है कि होली मनाने के पीछे एक कहानी है। इसका पालन आज तक किया जाता है।
23 मार्च को होलिका दहन है। सेक्टर-29 के आरडब्ल्यूए के सदस्य सुबोध नागपाल का कहना है कि फरीदाबाद शहरी क्षेत्र में आता है। यहां दहन के लिए लकड़ियां खरीदनी पड़ती हैं।
इसके लिए हर घर से 60 रुपये लिए गए हैं। सेक्टर में धूमधाम से होलिका दहन होगा। इसके लिए यहां हर दिन लोग लकड़ी, उपले और सूखे पत्ते जमा कर रहे हैं।