दिल्ली-एनसीआर में बढ़ती ठंड में दिल धोखा दे सकता है। इन दौरान कोरोनरी धमनियां सिकुड़ जाती है। ऐसे में सामान्य व्यक्ति में भी दिल का दौरा पड़ने की आशंका 33 फीसदी तक बढ़ जाती है और यदि कोई पहले से दिल का मरीज है तो उनकी समस्या गंभीर हो सकती है।
विशेषज्ञों का कहना है कि सर्दी बढ़ते ही दिल्ली के अस्पतालों के आपातकालीन विभाग में हार्ट अटैक के मरीजों की संख्या दोगुनी हो जाती है। इस दौरान इलाज में यदि लापरवाही हुई तो बड़ा नुकसान हो सकता है। मौजूदा समय में एम्स, सफदरजंग, डॉ. राम मनोहर लोहिया, जीटीबी सहित अन्य बड़े अस्पतालों में रोजाना हार्ट अटैक के 20 से 30 मरीज पहुंच रहे हैं। सामान्य दिनों के मुकाबले यह आंकड़ा लगभग दोगुना है। इनमें कई मरीज कम उम्र के होते हैं, जिन्हें पहले दिल से जुड़ी समस्या नहीं रही। अचानक सीने में दर्द हुआ और जांच के बाद दिल का दौरा पाया गया।